‘ये नरेंद्र मोदी का छोटा भाई बन चुका है…’: तेजस्वी पर ओवैसी का तीखा वार, बिहार चुनाव से पहले सियासी बवाल!
‘ये नरेंद्र मोदी का छोटा भाई बन चुका है…’: तेजस्वी पर ओवैसी का तीखा वार, बिहार चुनाव से पहले सियासी बवाल!
बिहार विधानसभा चुनाव की सरगर्मियों के बीच राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है। एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने आरजेडी नेता तेजस्वी यादव पर निशाना साधते हुए कहा, “ये नरेंद्र मोदी का छोटा भाई बन चुका है।” ओवैसी का यह तंज तेजस्वी के हालिया बयानों पर था, जहां उन्होंने ‘राम राज्य’ की तारीफ की और कहा कि बिहार में विकास के लिए केंद्र के साथ तालमेल जरूरी है। ओवैसी ने सोमवार को हैदराबाद में एक रैली के दौरान यह बयान दिया, जो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। उन्होंने कहा, “तेजस्वी जी अब बीजेपी की भाषा बोल रहे हैं। पहले लालू जी के बेटे थे, अब मोदी जी के छोटे भाई। मुसलमानों का वोट लेकर फिर धोखा देंगे?”
यह विवाद बिहार में मुस्लिम वोट बैंक को लेकर छिड़ गया है। तेजस्वी यादव ने हाल ही में पटना में एक सभा में कहा था, “बिहार का विकास राम और कृष्ण के आदर्शों से होगा। केंद्र की योजनाओं का लाभ सबको मिलेगा।” इसे आरजेडी का बीजेपी के प्रति नरमी वाला रुख माना जा रहा है। ओवैसी, जो बिहार में 20 सीटों पर चुनाव लड़ने की तैयारी में हैं, ने इसे ‘सियासी उलटफेर’ करार दिया। उन्होंने कहा, “मोदी जी का ‘छोटा भाई’ बनकर तेजस्वी मुसलमानों को बेवकूफ बनाने की कोशिश कर रहे हैं। याद रखें, 2020 में भी वोट लेकर गठबंधन तोड़ दिया।” ओवैसी ने तेजस्वी को ‘ओपोर्टुनिस्ट’ कहा और चेतावनी दी कि एआईएमआईएम बिहार के मुसलमानों को ‘सच्चा विकल्प’ देगी।
आरजेडी ने ओवैसी के बयान को ‘हास्यास्पद’ बताते हुए खारिज कर दिया। प्रवक्ता मृत्युंजय तिवारी ने कहा, “ओवैसी खुद बीजेपी के साथ गठबंधन की अफवाहें फैलाते हैं। तेजस्वी विकास की बात कर रहे हैं, ओवैसी वोटबैंक की।” बीजेपी ने मौन साध रखा है, लेकिन अमित मालवीय ने ट्वीट किया, “विपक्ष में फूट साफ दिख रही है।” विशेषज्ञों का मानना है कि यह बयानबाजी बिहार के 40 सीटों वाले मुस्लिम-यादव समीकरण को प्रभावित करेगी। सपा के अखिलेश यादव ने भी ट्वीट कर समर्थन दिया, “तेजस्वी भाई विकास के रास्ते पर हैं।”
बिहार चुनाव 2025 में तेजस्वी की छवि ‘युवा नेता’ से ‘समावेशी नेता’ बनाने की कोशिश है, लेकिन ओवैसी का वार इसे चुनौती दे रहा है। क्या यह सियासी दांव तेजस्वी को नुकसान पहुंचाएगा? आने वाले दिनों में और बयानबाजी देखने को मिलेगी।
