प्रसाद और चुन्नी के लिए कालकाजी मंदिर के सेवादार की डंडों से पीट-पीटकर हत्या
नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली के प्रसिद्ध कालकाजी मंदिर में शनिवार रात एक दिल दहला देने वाली घटना हो गई। मंदिर के एक सेवादार की श्रद्धालुओं ने पीट-पीटकर हत्या कर दी। पुलिस के मुताबिक, मामला चुन्नी और प्रसाद न मिलने को लेकर हुआ। कल रात करीब 9 बजे की यह घटना मंदिर परिसर में हुई, जहां भक्तों की भीड़ उमड़ी हुई थी। मृतक सेवादार का नाम राजेश कुमार (45 वर्ष) बताया जा रहा है, जो कई सालों से मंदिर में सेवा कर रहे थे।
घटना की शुरुआत तब हुई जब कुछ श्रद्धालु मंदिर में चढ़ाई गई चुन्नी और प्रसाद वितरण के लिए लाइन में लगे थे। आरोप है कि राजेश कुमार ने कहा कि प्रसाद खत्म हो गया है, जिससे गुस्साए श्रद्धालुओं ने उन पर हमला बोल दिया। पहले तो मामूली बहस हुई, लेकिन जल्द ही बात हाथापाई पर उतर आई। भीड़ ने राजेश को घेर लिया और लाठियों व मुक्कों से पीटना शुरू कर दिया। मंदिर के अन्य कर्मचारियों ने चिल्लाने की कोशिश की, लेकिन भीड़ बेकाबू हो चुकी थी। करीब 15-20 मिनट तक चली इस मारपीट में राजेश गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें तुरंत नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
पुलिस को सूचना मिलते ही दक्षिण दिल्ली पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। प्रारंभिक जांच में पता चला कि हमलावरों में 4-5 लोग शामिल थे, जो स्थानीय इलाके के निवासी हो सकते हैं। CCTV फुटेज से उनकी पहचान की जा रही है। पुलिस ने FIR दर्ज कर ली है, जिसमें हत्या, दंगा भड़काने और धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने के आरोप लगाए गए हैं। डीसीपी साउथ ने बताया, “हम जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लेंगे। मंदिर में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है।” मंदिर प्रशासन ने भी शोक व्यक्त किया और कहा कि प्रसाद वितरण की प्रक्रिया में पारदर्शिता लाई जाएगी।
यह घटना दिल्ली के धार्मिक स्थलों पर सुरक्षा की कमी को उजागर करती है। कालकाजी मंदिर, जो दुर्गा पूजा के लिए प्रसिद्ध है, में रोज हजारों श्रद्धालु आते हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि भीड़ प्रबंधन और प्रशिक्षित वॉलंटियर्स की जरूरत है। सोशल मीडिया पर इस घटना की निंदा हो रही है, और लोग न्याय की मांग कर रहे हैं।
