दिल्ली में दर्दनाक हादसा: 6 साल के बच्चे पर पिटबुल ने किया हमला, कान काटकर अलग कर दिया; मालिक गिरफ्तार
दिल्ली में दर्दनाक हादसा: 6 साल के बच्चे पर पिटबुल ने किया हमला, कान काटकर अलग कर दिया; मालिक गिरफ्तार
उत्तर-पश्चिम दिल्ली के प्रेम नगर इलाके में रविवार शाम एक दिल दहला देने वाला हादसा हो गया। मात्र 6 साल के एक मासूम बच्चे पर पड़ोसी के पिटबुल कुत्ते ने अचानक हमला कर दिया और उसके दाहिने कान को काटकर अलग कर दिया। बच्चे के सिर के पीछे 8-10 गहरे काटने के निशान भी पाए गए। घटना सीसीटीवी में कैद हो गई, जिसमें बच्चा बॉल खेलते हुए कुत्ते के चंगुल में फंसता नजर आ रहा है। पुलिस ने कुत्ते के मालिक को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि कुत्ते को नजफगढ़ के एनिमल बर्थ कंट्रोल सेंटर में शिफ्ट कर दिया गया है, जहां वह हमेशा के लिए रखा जाएगा।
पुलिस के अनुसार, घटना विनय एनक्लेव में शाम करीब 5:38 बजे हुई। पीसीआर कॉल पर प्रेम नगर थाने की टीम पहुंची, लेकिन तब तक बच्चे के माता-पिता उसे अस्पताल ले चुके थे। बच्चे के पिता दिनेश (32), जो कीर्ति नगर की एक प्राइवेट फैक्ट्री में काम करते हैं, ने शिकायत दर्ज कराई। प्रारंभिक जांच में पता चला कि बच्चा घर के बाहर खेल रहा था, जब पड़ोसी के घर से पिटबुल अचानक बाहर निकला और उस पर टूट पड़ा। कुत्ता बच्चे को कान से पकड़कर जमीन पर घसीटता रहा, जिससे दांत टूट गए और चेहरे पर गंभीर चोटें आईं। पड़ोसियों ने किसी तरह कुत्ते को अलग किया और बच्चे को पहले रोहिणी के बाबू जगजीवन राम मेमोरियल अस्पताल ले जाया गया, फिर सफदरजंग अस्पताल रेफर कर दिया गया। बच्चा अभी भी गंभीर हालत में है, लेकिन होश में है।
बच्चे के दादा कमेश्वर राय ने बताया, “बच्चा बॉल फेंकते समय चूक गया और बॉल कुत्ते वाले घर की ओर चली गई। तभी कुत्ता लपटा और कान काट दिया। मैंने कटा कान हाथ में लेकर बच्चे के पीछे-पीछे दौड़ा, ताकि खो न जाए।” राय ने दावा किया कि यह कुत्ता पहले भी 4 बच्चों पर हमला कर चुका है, जिसमें एक लड़की को बेसमेंट में छिपना पड़ा। उन्होंने कहा कि कई शिकायतें दर्ज कराई गईं, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। कुत्ता करीब डेढ़ साल पहले आरोपी के बेटे ने घर लाया था, जो वर्तमान में हत्या के प्रयास के मामले में जेल में बंद है।
पुलिस ने आरोपी राजेश पाल (50), जो दर्जी का काम करते हैं, के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 291 (पशुओं के प्रति लापरवाही) और 125(बी) (लापरवाह कार्य से जीवन को खतरा) के तहत मामला दर्ज किया है। बच्चे के दस्तावेज और बयान दर्ज कर लिए गए हैं। एमसीडी अधिकारी ने कहा कि कुत्ते को अब स्थायी रूप से सेंटर में रखा जाएगा। यह घटना दिल्ली में पिटबुल जैसे आक्रामक नस्लों के पालतू कुत्तों पर बहस छेड़ रही है। विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे कुत्तों को लाइसेंस और ट्रेनिंग अनिवार्य होनी चाहिए। बच्चे के परिवार ने मांग की है कि आरोपी पर सख्त सजा हो और इलाज का पूरा खर्च वहन करे। फिलहाल, बच्चे का इलाज जारी है, और डॉक्टरों ने कहा कि कान को जोड़ने की कोशिश की जा रही है।
