बड़ी राहत: हमलों के बीच 80,800 मीट्रिक टन कच्चा तेल लेकर मुंद्रा पोर्ट पहुंचा भारतीय टैंकर ‘जग लाडकी’
बड़ी राहत: हमलों के बीच 80,800 मीट्रिक टन कच्चा तेल लेकर मुंद्रा पोर्ट पहुंचा भारतीय टैंकर ‘जग लाडकी’
पश्चिम एशिया में जारी भीषण संघर्ष और समुद्री मार्गों पर बढ़ते खतरों के बीच भारत के लिए एक बड़ी राहत भरी खबर आई है। भारतीय ध्वज वाला कच्चे तेल का टैंकर ‘जग लाडकी’ (Jag Laadki) बुधवार को सफलतापूर्वक गुजरात के मुंद्रा बंदरगाह पर पहुंच गया है। यह जहाज संयुक्त अरब अमीरात (UAE) से लगभग 80,800 मीट्रिक टन ‘मरबन’ कच्चा तेल लेकर आया है।
हमले के साये में पूरी हुई लोडिंग
रिपोर्ट्स के अनुसार, जब यह टैंकर यूएई के फुजैराह पोर्ट (Fujairah Port) पर तेल लोड कर रहा था, उसी दौरान 14 मार्च को पोर्ट के टर्मिनल पर ड्रोन और मिसाइल हमला हुआ था। हमले के कारण कुछ समय के लिए लोडिंग रोकनी पड़ी, लेकिन जहाज और चालक दल पूरी तरह सुरक्षित रहे। विपरीत परिस्थितियों के बावजूद, लोडिंग पूरी कर यह जहाज 15 मार्च को भारत के लिए रवाना हुआ था।
प्रमुख विशेषताएं और सुरक्षा
* जहाज का विवरण: ‘जग लाडकी’ ग्रेट ईस्टर्न शिपिंग कंपनी का एक ‘सुजमैक्स’ (Suezmax) क्लास टैंकर है। इसकी लंबाई लगभग 274 मीटर और चौड़ाई 50 मीटर है।
* सुरक्षित मार्ग: खाड़ी क्षेत्र में बढ़ते तनाव को देखते हुए भारतीय नौसेना ‘ऑपरेशन संकल्प’ के तहत इन जहाजों की निगरानी कर रही है। ‘जग लाडकी’ ने संवेदनशील समुद्री रास्तों को पार कर सुरक्षित भारत में प्रवेश किया।
* ऊर्जा सुरक्षा: मुंद्रा पोर्ट पर इस खेप के पहुंचने से भारतीय रिफाइनरियों को कच्चा तेल मिलेगा, जिससे देश की ऊर्जा सुरक्षा को मजबूती मिलेगी।
तीन दिन में तीसरी सफलता
‘जग लाडकी’ की वापसी पिछले तीन दिनों में भारत की तीसरी बड़ी समुद्री सफलता है। इससे पहले 16 और 17 मार्च को दो एलपीजी (LPG) टैंकर— ‘शिवालिक’ और ‘नंदा देवी’ — लगभग 92,700 मीट्रिक टन गैस लेकर सुरक्षित भारतीय तटों पर पहुंचे थे।
विदेश मंत्रालय और नौसेना लगातार खाड़ी क्षेत्र में फंसे अन्य भारतीय वाणिज्यिक जहाजों और नाविकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए समन्वय बनाए हुए हैं।
