Monday, April 27, 2026
राष्ट्रीय

सऊदी में बैठकर CM योगी के खिलाफ विवादित पोस्ट: यूपी लौटते ही मुजफ्फरनगर पुलिस ने गिरफ्तार किया कुर्बान उर्फ अल्तमस, गिड़गिड़ाया तो मांगा माफी

सऊदी में बैठकर CM योगी के खिलाफ विवादित पोस्ट: यूपी लौटते ही मुजफ्फरनगर पुलिस ने गिरफ्तार किया कुर्बान उर्फ अल्तमस, गिड़गिड़ाया तो मांगा माफी

उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जिले के कुल्हाड़ी गांव निवासी कुर्बान उर्फ अल्तमस (उम्र 28 वर्ष) को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के खिलाफ सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक पोस्ट करने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया गया है। आरोपी पिछले दो साल से सऊदी अरब में ड्राइवर के रूप में काम कर रहा था, जहां से उसने 28 सितंबर को फेसबुक पर CM की एडिटेड फोटो पोस्ट की थी। पोस्ट वायरल होते ही स्थानीय लोगों में आक्रोश फैल गया। भारत लौटते ही चरथावल थाने की पुलिस ने उसे दबोच लिया। पूछताछ में आरोपी गिड़गिड़ाने लगा और माफी मांगने लगा, लेकिन पुलिस ने केस दर्ज कर कोर्ट में पेश कर दिया।

घटना का क्रम: सऊदी से पोस्ट, यूपी में गिरफ्तारी

– विवादित पोस्ट: 28 सितंबर को सऊदी अरब से कुर्बान ने अपने फेसबुक अकाउंट पर CM योगी की फोटो को एडिट कर आपत्तिजनक तरीके से शेयर किया। पोस्ट में धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाला कंटेंट था, जो जल्द ही वायरल हो गया। स्थानीय लोगों ने इसे देखते ही चरथावल थाने में शिकायत दर्ज कराई।

– पुलिस की निगरानी: सूचना मिलते ही पुलिस ने आरोपी के सोशल मीडिया अकाउंट की मॉनिटरिंग शुरू कर दी। पता चला कि कुर्बान सऊदी से भारत लौटने वाला था। एयरपोर्ट और बॉर्डर पर अलर्ट जारी किया गया।

– गिरफ्तारी का दृश्य: 12 अक्टूबर को भारत पहुंचते ही मुजफ्फरनगर पुलिस ने कुल्हाड़ी गांव में छापा मारा। आरोपी को घर से गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में उसने कबूल किया कि “गुस्से में आकर गलती हो गई। अब माफी मांगता हूं।” लेकिन पुलिस ने कोई ढील नहीं बरती।

– परिवार का पक्ष: आरोपी की मां ने कहा, “बेटा गलती से ऐसा कर बैठा। वह अब सुधार का वादा कर रहा है।” परिवार ने स्थानीय लोगों से माफी मांगी।

कानूनी कार्रवाई: IPC की धाराओं में मुकदमा

– चरथावल थाने में IPC की धारा 153A (धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाना), 295A (धार्मिक भावनाओं को आहत करना), 505 (सार्वजनिक शांति भंग करने वाला कृत्य) और IT एक्ट की धारा 66A के तहत मुकदमा दर्ज किया गया।

– सीओ सदर रवि शंकर मिश्रा ने बताया, “सोशल मीडिया पर ऐसी आपत्तिजनक पोस्ट साम्प्रदायिक तनाव फैला सकती हैं। आरोपी को कोर्ट में पेश किया गया है, जहां से जेल भेजा जा सकता है। कोई भी कानून तोड़ने वाले को बख्शा नहीं जाएगा।”

– यह मामला ‘आई लव मुहम्मद’ विवाद के बाद सोशल मीडिया पर बढ़ी निगरानी का हिस्सा है, जहां कई जिलों में इसी तरह के पोस्ट पर एक्शन लिया गया है।

इलाके में असर: तनाव टला, लेकिन सतर्कता बरकरार

मुजफ्फरनगर जैसे संवेदनशील जिले में पोस्ट से हलचल मच गई थी। स्थानीय लोगों ने कहा कि ऐसी हरकतें धार्मिक सद्भाव बिगाड़ती हैं। पुलिस ने इलाके में फ्लैग मार्च किया और शांति समितियों की बैठक बुलाई। DM ने चेतावनी दी कि सोशल मीडिया पर भड़काऊ कंटेंट पोस्ट करने वालों पर सख्ती होगी।

यह घटना UP में सोशल मीडिया मॉनिटरिंग की सख्ती को दर्शाती है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *