मेडिकल कॉलेज की मांग पर आंदोलन को मिला वार्ता का न्योता, 24 अगस्त को सीएम से मिलेगा प्रतिनिधिमंडल
मेडिकल कॉलेज की मांग पर आंदोलन को मिला वार्ता का न्योता, 24 अगस्त को सीएम से मिलेगा प्रतिनिधिमंडल
नई टिहरी: मेडिकल कॉलेज की स्थापना की मांग को लेकर चल रहा अनिश्चितकालीन धरना अब सकारात्मक मोड़ पर पहुंचता नजर आ रहा है। लंबे समय से आंदोलन कर रही मेडिकल कॉलेज संघर्ष समिति को सरकार की ओर से मुख्यमंत्री से वार्ता के लिए आमंत्रित किया गया है। अब समिति का प्रतिनिधिमंडल 24 अगस्त को मुख्यमंत्री से मुलाकात करेगा।
8 दिन से जारी है अनिश्चितकालीन धरना
मेडिकल कॉलेज की स्थापना की मांग को लेकर 16 अगस्त से शुरू हुआ अनिश्चितकालीन धरना आठवें दिन में पहुंच गया है। आंदोलनकारियों का कहना है कि टिहरी जैसे पर्वतीय जिले में बेहतर और उच्च स्तरीय स्वास्थ्य सुविधाओं की लंबे समय से जरूरत महसूस की जा रही है।
इसी मांग को लेकर स्थानीय लोगों, जनप्रतिनिधियों, पूर्व सैनिकों, सामाजिक संगठनों और विभिन्न वर्गों ने मिलकर मेडिकल कॉलेज संघर्ष समिति का गठन किया है।
44 संगठनों ने मिलकर बनाया संघर्ष का मंच
मेडिकल कॉलेज की मांग को लेकर जिले के 44 सामाजिक, राजनीतिक और गैर-राजनीतिक संगठनों के प्रतिनिधियों को शामिल कर संघर्ष समिति बनाई गई है। समिति का कहना है कि मेडिकल कॉलेज की मांग किसी एक व्यक्ति या संगठन तक सीमित नहीं है, बल्कि यह पूरे टिहरी जिले के बेहतर स्वास्थ्य भविष्य से जुड़ा मुद्दा है।
सरकार की ओर से वार्ता की पहल
लगातार चल रहे आंदोलन के बीच अब सरकार की ओर से वार्ता की पहल की गई है। भाजपा जिलाध्यक्ष और टिहरी विधायक की ओर से संघर्ष समिति को मुख्यमंत्री के साथ होने वाली वार्ता की जानकारी दी गई।
वार्ता का निमंत्रण मिलने के बाद समिति की बैठक हुई, जिसमें मुख्यमंत्री के सामने मांग रखने के लिए प्रतिनिधिमंडल तय किया गया। समिति ने उम्मीद जताई है कि वार्ता के जरिए मेडिकल कॉलेज की स्थापना को लेकर कोई ठोस रास्ता निकल सकता है।
24 अगस्त को मुख्यमंत्री से मुलाकात
अब संघर्ष समिति का प्रतिनिधिमंडल 24 अगस्त को मुख्यमंत्री से मुलाकात करेगा। इस दौरान मेडिकल कॉलेज की स्थापना की मांग के साथ अब तक चले आंदोलन और टिहरी की स्वास्थ्य सुविधाओं से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से रखा जाएगा।
फिलहाल आंदोलनकारियों की नजर 24 अगस्त की वार्ता पर टिकी है। माना जा रहा है कि मुख्यमंत्री के साथ होने वाली बातचीत से मेडिकल कॉलेज की स्थापना को लेकर आगे की दिशा स्पष्ट हो सकती है।
