देहरादून में रोड रेज विवाद, बीच सड़क चलीं ताबड़तोड़ गोलियां; मॉर्निंग वॉक पर निकले रिटायर्ड ब्रिगेडियर की मौत
देहरादून में रोड रेज विवाद, बीच सड़क चलीं ताबड़तोड़ गोलियां; मॉर्निंग वॉक पर निकले रिटायर्ड ब्रिगेडियर की मौत
देहरादून, 30 मार्च 2026: उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में सोमवार सुबह रोड रेज की एक खौफनाक घटना ने पूरे इलाके को दहला दिया। मसूरी रोड (राजपुर क्षेत्र) के जोहड़ी गांव के पास दो कारों के बीच ओवरटेकिंग को लेकर हुए विवाद में ताबड़तोड़ गोलीबारी हो गई। इस दौरान एक आवारा गोली मॉर्निंग वॉक पर निकले रिटायर्ड ब्रिगेडियर मुकेश जोशी (या वी.के. जोशी, उम्र 74 वर्ष) को लग गई, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
घटना का क्रम
सुबह करीब 6:45 से 7:00 बजे के बीच दिल्ली नंबर प्लेट वाली एक टोयोटा फॉर्च्यूनर और एक महिंद्रा स्कॉर्पियो के बीच रास्ता देने/ओवरटेकिंग को लेकर कहासुनी शुरू हुई। विवाद तेज होता गया और दोनों गाड़ियां तेज रफ्तार में दौड़ने लगीं। स्कॉर्पियो सवार लोगों ने फॉर्च्यूनर का पीछा किया और उसके टायरों पर गोलियां चलानी शुरू कर दीं।
चश्मदीदों के अनुसार, गोलियों की आवाज के साथ फॉर्च्यूनर अनियंत्रित होकर सड़क किनारे पेड़ से टकरा गई। इसी गोलीबारी में सड़क किनारे टहल रहे ब्रिगेडियर मुकेश जोशी सीने में गोली लगने से घायल हो गए। उन्हें तुरंत मैक्स अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
कुछ रिपोर्ट्स में विवाद की जड़ को ‘जेन जी क्लब’ में बिल को लेकर बताया गया है, जहां से दोनों गुट रात में लौट रहे थे और सुबह यह विवाद भड़क उठा।
पुलिस की कार्रवाई
राजपुर थाना पुलिस ने मामले में तुरंत एफआईआर दर्ज कर ली है। एसएसपी प्रमेंद्र सिंह डोबाल ने जानकारी देते हुए बताया कि आरोपी फरार हैं और उनकी तलाश में छापेमारी चल रही है। पुलिस सीसीटीवी फुटेज और चश्मदीदों के बयानों के आधार पर जांच कर रही है।
घटना स्थल पर पहुंची पुलिस टीम ने गोलियों के खोल और अन्य सबूत जुटाए हैं। इलाके में हड़कंप मच गया और स्थानीय लोगों ने बढ़ती सड़क हिंसा पर चिंता जताई है।
ब्रिगेडियर मुकेश जोशी
ब्रिगेडियर मुकेश जोशी भारतीय सेना में 30 वर्ष से अधिक सेवा दे चुके थे। वे नियमित रूप से मॉर्निंग वॉक के लिए इसी रूट पर निकलते थे। उनकी मौत की खबर से सेना के पूर्व साथियों और स्थानीय लोगों में गुस्सा है।
यह घटना देहरादून में रोड रेज के बढ़ते मामलों को लेकर कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े कर रही है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मामले की निष्पक्ष जांच के निर्देश दिए हैं।
यह दर्दनाक घटना एक बार फिर याद दिलाती है कि सड़क पर छोटी-छोटी बातों को लेकर आक्रामकता कितनी खतरनाक हो सकती है। पुलिस जल्द से जल्द आरोपियों को गिरफ्तार कर सख्त कार्रवाई करे, यही आम जनता की मांग है।
