नासा ने लिया बड़ा फैसला: अब एस्ट्रोनॉट चांद की सैर पर ले जाएंगे स्मार्टफोन!
नासा ने लिया बड़ा फैसला: अब एस्ट्रोनॉट चांद की सैर पर ले जाएंगे स्मार्टफोन!
अमेरिकी स्पेस एजेंसी NASA ने दशकों पुराने नियमों में बदलाव करते हुए एक ऐतिहासिक कदम उठाया है। अब अंतरिक्ष यात्री अपने मिशनों पर आधुनिक स्मार्टफोन, जैसे iPhone और अन्य एंड्रॉयड डिवाइस, साथ ले जा सकेंगे। यह सुविधा सबसे पहले आगामी Crew-12 और Artemis II मिशनों से शुरू हो रही है।
NASA के एडमिनिस्ट्रेटर जेरेड आइजैकमैन ने खुद सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर इसकी जानकारी दी। उन्होंने लिखा कि क्रू मेंबर्स को ऐसे टूल्स दिए जा रहे हैं, जिनसे वे परिवार के लिए स्पेशल मोमेंट्स कैद कर सकें और दुनिया के साथ प्रेरणादायक इमेज व वीडियो शेयर कर सकें।
क्यों है यह फैसला खास?
पहले मिशनों में एस्ट्रोनॉट्स पुराने Nikon DSLR कैमरे (2016 मॉडल) और दस साल पुराने GoPro का इस्तेमाल करते थे।
अब लेटेस्ट स्मार्टफोन की हाई-क्वालिटी कैमरा, वाइड-एंगल लेंस और आसान हैंडलिंग से स्पेस में ज्यादा स्पॉन्टेनियस और बेहतर फोटो-वीडियो कैप्चर हो सकेंगे।
Artemis II मिशन (मार्च 2026 में लॉन्च होने की उम्मीद) चांद के चारों ओर उड़ान भरेगा – यह Apollo 17 (1972) के बाद पहला क्रूड मून मिशन होगा। यहां से चांद की अनोखी सेल्फी, वीडियो और Earth से दूर के व्यूज मिल सकते हैं।
Crew-12 मिशन जल्द ही International Space Station की ओर रवाना होगा, जहां यह टेस्टिंग शुरू
यह बदलाव NASA की सोच में आए बदलाव को दिखाता है – जहां पहले सख्त नियम थे, अब कंज्यूमर टेक्नोलॉजी को स्पेस में इस्तेमाल करने की इजाजत दी जा रही है (रेडिएशन, बैटरी सेफ्टी और इंटरफेयरेंस टेस्ट के बाद)। इससे स्पेस एक्सप्लोरेशन ज्यादा डॉक्यूमेंटेड और इंस्पायरिंग बन सकता है।
कल्पना कीजिए – चांद की कक्षा से कोई एस्ट्रोनॉट इंस्टाग्राम पर रील पोस्ट करे या फैमिली को व्हाट्सएप पर मैसेज भेजे! भविष्य अब और करीब आ गया है।
