ठाकरे ब्रदर्स की जोरदार वापसी: BMC चुनाव में साझा घोषणापत्र और संयुक्त रैलियों से महायुति को कड़ी टक्कर की तैयारी
ठाकरे ब्रदर्स की जोरदार वापसी: BMC चुनाव में साझा घोषणापत्र और संयुक्त रैलियों से महायुति को कड़ी टक्कर की तैयारी
मुंबई: 20 साल बाद एक मंच पर आए उद्धव ठाकरे और राज ठाकरे ने बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMC) चुनाव 2026 के लिए गठबंधन को और मजबूत कर लिया है। शिवसेना (UBT) और महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (MNS) के इस गठबंधन ने साझा घोषणापत्र जारी करने और संयुक्त रैलियों की योजना बनाकर मुंबई की सियासी हवा बदल दी है। 15 जनवरी को होने वाले चुनाव में ठाकरे ब्रदर्स महायुति (BJP-शिंदे सेना) को सीधी चुनौती देने की तैयारी में हैं।
सूत्रों के अनुसार, गठबंधन का संयुक्त घोषणापत्र 4 जनवरी को संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में जारी किया जाएगा। इसमें मुंबई के विकास, मराठी अस्मिता, भ्रष्टाचार मुक्त प्रशासन, युवाओं को प्राथमिकता और बेहतर सुविधाओं पर फोकस होगा। घोषणापत्र को अंतिम रूप देने के लिए उद्धव और राज ठाकरे की हालिया बैठकें हुईं, जिसमें उनके बेटे आदित्य ठाकरे और अमित ठाकरे भी शामिल रहे।
चुनाव प्रचार की रणनीति भी तैयार है। ठाकरे ब्रदर्स 5 जनवरी से संयुक्त रैलियां शुरू करेंगे। पहली रैली मुंबई के पूर्वी उपनगर में होगी, जो गठबंधन के अभियान की औपचारिक शुरुआत होगी। मुंबई में कुल तीन संयुक्त रैलियां प्लान हैं – एक पूर्वी उपनगर, एक पश्चिमी उपनगर और एक दक्षिण मुंबई में। इसके अलावा MMR क्षेत्र में कल्याण-डोंबिवली, ठाणे, मीरा-भायंदर और नासिक में भी संयुक्त रैलियां होंगी। कुल 7-8 रैलियों का प्लान है, जो 2 से 13 जनवरी तक चलेगा।
यह गठबंधन दिसंबर 2025 में औपचारिक रूप से घोषित हुआ था, जब दोनों नेताओं ने बालासाहेब ठाकरे को श्रद्धांजलि देकर एकजुटता दिखाई। राज ठाकरे ने कहा था कि मुंबई को इस बार मराठी महापौर मिलेगा। उद्धव ने BJP पर हमला बोलते हुए कहा कि गठबंधन में BJP विरोधी दल भी शामिल हो सकते हैं। सीट शेयरिंग में शिवसेना (UBT) को 145-163, MNS को 53-70 और शरद पवार की NCP (SP) को 10-11 सीटें मिली हैं।
महायुति ने भी कमर कस ली है। BJP और शिंदे सेना ने 200 सीटों पर सहमति बना ली है। CM देवेंद्र फडणवीस और डिप्टी CM एकनाथ शिंदे संयुक्त रैलियां कर रहे हैं। BJP ने ठाकरे गठबंधन को ‘व्यक्तिगत हित’ करार दिया है।
विशेषज्ञों का मानना है कि ठाकरे ब्रदर्स की एकजुटता मराठी वोटों को एकत्रित कर सकती है, जो 227 सीटों वाली BMC में निर्णायक साबित हो सकती है। 74,000 करोड़ के बजट वाली BMC पर कब्जे की यह लड़ाई मुंबई की सियासत का नया अध्याय लिख सकती है।
