हाईवे वर्क जोन में मजदूरों की रक्षा करेगी ‘सुरक्षा शील्ड’: देश में पहली बार लॉन्च हुआ TMA सिस्टम
हाईवे वर्क जोन में मजदूरों की रक्षा करेगी ‘सुरक्षा शील्ड’: देश में पहली बार लॉन्च हुआ TMA सिस्टम
नई दिल्ली, 29 दिसंबर 2025: राष्ट्रीय राजमार्गों पर निर्माण और रखरखाव के दौरान होने वाले घातक हादसों को रोकने के लिए बड़ा कदम उठाया गया है। वर्टिस इंफ्रास्ट्रक्चर ने पुणे के एडोर कैम्पस में देश का पहला ट्रक माउंटेड एटेन्यूएटर (TMA) सिस्टम औपचारिक रूप से लॉन्च किया। यह तकनीक हाईवे वर्क जोन में काम करने वाले मजदूरों और चालकों दोनों की जान बचाने वाली ‘सुरक्षा शील्ड’ की तरह काम करेगी।
TMA एक विशेष ट्रक है, जिसके पीछे क्रैश कुशन लगा होता है। अगर कोई तेज रफ्तार वाहन पीछे से टकराता है, तो यह कुशन झटके को सोख लेता है और टक्कर की तीव्रता को काफी कम कर देता है। इससे न केवल वर्क जोन में मौजूद मजदूर सुरक्षित रहते हैं, बल्कि टकराने वाले वाहन के चालक और यात्रियों को भी गंभीर चोट या मौत से बचाया जा सकता है।
यह तकनीक भारत में 2021 से कुछ सड़कों पर परीक्षण के तौर पर इस्तेमाल हो रही थी और अब तक 100 से ज्यादा संभावित जानलेवा हादसों को रोक चुकी है। लॉन्च के दौरान लाइव डेमो भी दिखाया गया। शुरुआत में 20 TMA यूनिट्स तैनात की जाएंगी, जिनमें से 8 का उद्घाटन हो चुका है।
एनएचएआई के अधिकारी अंकित यादव ने कहा, “राष्ट्रीय राजमार्गों पर जीरो फेटेलिटी कॉरिडोर बनाने की हमारी प्राथमिकता है। TMA जैसी तकनीकें वर्क जोन सेफ्टी को मजबूत करेंगी।” विशेषज्ञों का मानना है कि तेजी से बढ़ते हाईवे नेटवर्क में ऐसे मोबाइल सेफ्टी सॉल्यूशन जरूरी हैं, जो आसानी से एक जगह से दूसरी जगह ले जाए जा सकें।
यह पहल ‘सेफर हाईवेज’ की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। आने वाले समय में TMA को पूरे देश के हाईवे प्रोजेक्ट्स पर विस्तार दिया जाएगा, ताकि निर्माण क्षेत्रों में होने वाली दुर्घटनाएं न्यूनतम हों।
