राजनीति

राहुल गांधी ने गार्गी कॉलेज की छात्राओं से किया खुलकर संवाद, बोले- ‘Gen Z महिलाएं देश का भविष्य, जादूगर के ट्रिक्स खत्म हो गए’

राहुल गांधी ने गार्गी कॉलेज की छात्राओं से किया खुलकर संवाद, बोले- ‘Gen Z महिलाएं देश का भविष्य, जादूगर के ट्रिक्स खत्म हो गए’

नई दिल्ली, 27 अप्रैल 2026: लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने दिल्ली विश्वविद्यालय के गार्गी कॉलेज पहुंचकर छात्राओं के साथ एक अनौपचारिक और खुला संवाद किया। इस दौरान उन्होंने युवा पीढ़ी खासकर Gen Z महिलाओं की ताकत, शिक्षा, सुरक्षा, रोजगार और समानता जैसे मुद्दों पर चर्चा की। छात्राओं ने भी अपनी आकांक्षाएं, चुनौतियां और देश के भविष्य को लेकर अपनी राय रखी।

राहुल गांधी ने कहा कि Gen Z युवा लड़कियां भारत का भविष्य हैं और वे ‘जादूगर’ (प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर इशारा) के ट्रिक्स को आसानी से पहचान लेती हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि महिलाएं देश का नेतृत्व करेंगी और बदलाव की सबसे बड़ी ताकत हैं। राहुल ने छात्राओं से कहा, “आप अपनी दुनिया खुद परिभाषित करें, किसी को आपको परिभाषित करने न दें।”

संवाद में क्या-क्या चर्चा हुई?

महिला सशक्तिकरण और नेतृत्व: राहुल गांधी ने महिलाओं की क्षमता पर भरोसा जताया और कहा कि Gen Z महिलाएं निडर होकर आगे बढ़ रही हैं।

शिक्षा, सुरक्षा और रोजगार: छात्राओं ने शिक्षा व्यवस्था, महिलाओं की सुरक्षा और रोजगार के अवसरों पर अपनी चिंताएं व्यक्त कीं। राहुल ने इन मुद्दों पर गौर से सुना और कांग्रेस की नीतियों का जिक्र किया।

गार्गी कॉलेज विवाद का जिक्र: छात्राओं ने गार्गी कॉलेज में ABVP से जुड़े पुराने विवाद का जिक्र किया, जिसमें उन्होंने कहा कि कोई उन्हें नहीं रोक सका। राहुल गांधी ने उनकी हिम्मत की सराहना की।

व्यक्तिगत स्पर्श: राहुल ने युवाओं से सीधे जुड़कर उनकी ऊर्जा और स्पष्टता की तारीफ की। बाद में उन्होंने अपने X (ट्विटर) अकाउंट पर लिखा कि गार्गी कॉलेज और दिल्ली यूनिवर्सिटी की युवा महिलाओं से मिलकर बहुत अच्छा लगा।

यह मुलाकात कांग्रेस की युवा और महिला आउटरीच रणनीति का हिस्सा मानी जा रही है। कांग्रेस ने इसे “युवा आवाजें, साहसी विचार, उज्ज्वल भविष्य” करार दिया।

पृष्ठभूमि

राहुल गांधी अक्सर छात्रों-छात्राओं से संवाद करते रहते हैं। इससे पहले उन्होंने केरल में भी महिला छात्राओं के साथ लंच के दौरान महिला सशक्तिकरण पर बात की थी, जहां उन्होंने कहा था कि “महिलाएं आमतौर पर पुरुषों से ज्यादा बुद्धिमान होती हैं और लंबे समय तक सोचती हैं।”

यह दौरा दिल्ली विश्वविद्यालय परिसर में राहुल की मौजूदगी को लेकर चर्चा का विषय बना हुआ है। विपक्ष इसे युवाओं से सीधा कनेक्ट बता रहा है, जबकि सत्ताधारी दल इसे चुनावी स्टंट करार दे रहा है।

राहुल गांधी का यह अंदाज एक बार फिर युवा वोट बैंक को आकर्षित करने की कोशिश के रूप में देखा जा रहा है। छात्राओं की भागीदारी और उनके सवालों ने संवाद को और जीवंत बना दिया।

यह संवाद युवाओं में राजनीतिक जागरूकता बढ़ाने की दिशा में एक कदम माना जा रहा है। क्या आपको लगता है कि ऐसे इंटरैक्शन युवाओं को राजनीति से जोड़ पाएंगे? अपनी राय कमेंट में जरूर बताएं!

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *