दिल्ली के शारदा इंस्टीट्यूट में यौन शोषण का बड़ा खुलासा: 17 छात्राओं ने स्वामी चैतन्यानंद पर लगाए गंभीर आरोप, आरोपी फरार
दिल्ली के शारदा इंस्टीट्यूट में यौन शोषण का बड़ा खुलासा: 17 छात्राओं ने स्वामी चैतन्यानंद पर लगाए गंभीर आरोप, आरोपी फरार
राजधानी दिल्ली के वसंत कुंज इलाके में स्थित श्री शारदा इंस्टीट्यूट ऑफ इंडियन मैनेजमेंट (SRISIIM) से जुड़े एक आश्रम में यौन शोषण का शर्मनाक मामला सामने आया है। संस्थान में मैनेजमेंट कोर्स की पढ़ाई कर रही 17 छात्राओं ने स्वामी चैतन्यानंद सरस्वती (उर्फ पार्थ सारथी) पर यौन उत्पीड़न, छेड़छाड़, अश्लील भाषा और मानसिक प्रताड़ना के गंभीर आरोप लगाए हैं। छात्राओं के बयानों के आधार पर दिल्ली पुलिस ने आरोपी के खिलाफ IPC की धारा 354 (महिलाओं पर हमला), 506 (आपराधिक धमकी) और अन्य धाराओं में केस दर्ज कर लिया है। आरोपी स्वामी चैतन्यानंद अभी फरार है और पुलिस उसकी तलाश में छापेमारी कर रही है।
घटना का खुलासा 4 अगस्त 2025 को शृंगेरी मठ के प्रशासक पी.ए. मुरली की शिकायत पर हुआ। मुरली ने बताया कि स्वामी चैतन्यानंद ने आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS) की छात्राओं को मिलने वाली छात्रवृत्ति का फायदा उठाकर उनके साथ गलत हरकतें कीं। पुलिस ने अब तक 32 छात्राओं के बयान दर्ज किए हैं, जिनमें से 17 ने स्पष्ट रूप से आरोप लगाए हैं। छात्राओं के अनुसार, स्वामी अश्लील मैसेज भेजते थे, गंदी भाषा का इस्तेमाल करते थे और जबरदस्ती छूने की कोशिश करते थे। विरोध करने पर उन्हें संस्थान की महिला फैकल्टी और प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा चुप रहने का दबाव बनाया जाता था। एक वार्डन पर भी मुलाकातें करवाने का आरोप है।
शृंगेरी शारदा पीठ ने इस मामले पर बयान जारी कर कहा है कि स्वामी चैतन्यानंद का आचरण पूरी तरह अनुचित है। पीठ ने आरोपी से सभी संबंध तोड़ दिए हैं और पुलिस जांच में पूरा सहयोग का वादा किया है। पीठ ने यह भी स्पष्ट किया कि आरोपी का फर्जी UN नंबर से घूमना और आश्रम की छवि खराब करना असहनीय है। संस्थान में करीब 35 छात्राएं पढ़ रही थीं, जिनमें से कई ने डर के मारे पहले चुप्पी साध रखी थी।
दिल्ली पुलिस के वसंत कुंज (नॉर्थ) थाने के SHO ने बताया, “हम छात्राओं के बयानों को कोर्ट में पेश करेंगे। आरोपी को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।” विशेषज्ञों का कहना है कि यह मामला धार्मिक संस्थानों में शोषण की बढ़ती प्रवृत्ति को उजागर करता है। छात्राओं ने मांग की है कि संस्थान को बंद किया जाए और दोषी फैकल्टी पर भी कार्रवाई हो। यह घटना सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है, जहां लोग न्याय की मांग कर रहे हैं।
