अधूरी नींद बन रही है बीमारियों की वजह: जानें सेहत के लिए क्यों जरूरी है 7 से 8 घंटे की गहरी नींद
अधूरी नींद बन रही है बीमारियों की वजह: जानें सेहत के लिए क्यों जरूरी है 7 से 8 घंटे की गहरी नींद
आज की तेज रफ्तार जिंदगी में लोग काम और तनाव के बीच अपनी नींद से समझौता कर रहे हैं। कई लोग कम नींद को सामान्य मानकर नजरअंदाज कर देते हैं, लेकिन विशेषज्ञों के अनुसार यह आदत सेहत के लिए खतरनाक साबित हो सकती है। पर्याप्त नींद नहीं लेने से शरीर और दिमाग दोनों पर बुरा असर पड़ता है। इससे थकान, चिड़चिड़ापन, तनाव, मोटापा और कई गंभीर बीमारियों का खतरा बढ़ सकता है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि अच्छी और पूरी नींद स्वस्थ जीवनशैली का अहम हिस्सा है। इसलिए रोजाना पर्याप्त नींद लेना उतना ही जरूरी है, जितना सही खानपान और व्यायाम।
पर्याप्त नींद क्यों है जरूरी?
नेशनल हेल्थ मिशन (एनएचएम) के अनुसार, लगातार कम नींद लेना तन और मन दोनों की सेहत पर बुरा असर डालता है। हेल्थ एक्सपर्ट बताते हैं कि नींद सिर्फ आराम नहीं है, बल्कि यह एक स्वस्थ जीवन का आधार है। अच्छी नींद से शरीर की कोशिकाएं रिपेयर होती हैं, इम्युनिटी मजबूत होती है, दिमाग तरोताजा रहता है और पूरे दिन एनर्जी बनी रहती है। स्वास्थ्य को बेहतर बनाए रखने के लिए रोजाना कम से कम 7 से 8 घंटे की नींद लेनी चाहिए।
कम नींद से सेहत को होने वाले नुकसान
नींद की कमी का सीधा असर हमारी कार्यक्षमता और शारीरिक प्रणाली पर पड़ता है, जिससे कई तरह की परेशानियां पैदा हो सकती हैं:
- दिनभर थकान और तनाव: नींद पूरी न होने से दिनभर थकान और सुस्ती बनी रहती है। इससे काम करने की क्षमता घटती है और मानसिक तनाव बढ़ता है।
- मोटापे का खतरा: लंबे समय तक कम नींद लेने से वजन अनियंत्रित रूप से बढ़ सकता है, क्योंकि इससे भूख को नियंत्रित करने वाले हार्मोन प्रभावित होते हैं।
- दिल की बीमारियां और डायबिटीज: एनएचएम के अनुसार, कम नींद हृदय संबंधी बीमारियों का खतरा बढ़ा देती है। इससे ब्लड प्रेशर अनियंत्रित हो सकता है और दिल की धड़कन प्रभावित होती है। इसके अलावा, डायबिटीज का खतरा भी कई गुना बढ़ जाता है।
- मानसिक स्वास्थ्य पर असर: कम नींद से मानसिक स्वास्थ्य पूरी तरह प्रभावित होता है। चिड़चिड़ापन, डिप्रेशन, चिंता और याददाश्त कमजोर होना जैसी समस्याएं आम हो जाती हैं।
- त्वचा की चमक खोना: कम नींद का असर त्वचा पर भी साफ नजर आता है। इससे चेहरे पर झुर्रियां, कालापन और सुस्ती दिखाई देने लगती है।
अच्छी नींद के लिए एक्सपर्ट्स के सुझाव
अपनी जीवनशैली में कुछ छोटे और जरूरी बदलाव करके एक अच्छी और सुकून भरी नींद पाई जा सकती है:
- रोजाना सोने और उठने का एक निश्चित समय (तय समय) तय करें।
- रात को सोने से पहले स्क्रीन (जैसे मोबाइल, टीवी, लैपटॉप) से पूरी तरह दूरी बना लें।
- नियमित रूप से हल्का व्यायाम करें, लेकिन ध्यान रखें कि सोने से ठीक पहले हैवी वर्कआउट न करें।
- रात का भोजन हमेशा हल्का और सुपाच्य रखें।
- सोने के लिए शांत, आरामदायक और अंधेरे वाले कमरे का चुनाव करें।
अगर इन बदलावों के बाद भी आपको लगातार नींद न आने की समस्या या अत्यधिक थकान महसूस हो रही है, तो इसे नजरअंदाज न करें और डॉक्टर से सलाह जरूर लें।
