पीएम मोदी का उत्तराखंड दौरा: दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे का तोहफा और लच्छीवाला टोल पर ‘नो टैक्स’ का आदेश
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का 14 अप्रैल को प्रस्तावित उत्तराखंड दौरा राज्य के लिए विकास और कनेक्टिविटी के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण होने वाला है। इस दौरे के दौरान पीएम मोदी न केवल दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे का उद्घाटन करेंगे, बल्कि हजारों करोड़ रुपये की परियोजनाओं की सौगात भी देंगे।
भारी भीड़ और वाहनों के दबाव को देखते हुए जिला प्रशासन ने कड़े और ऐतिहासिक फैसले लिए हैं। यहाँ इस कार्यक्रम और प्रशासनिक व्यवस्थाओं की पूरी जानकारी दी गई है:
पीएम मोदी का उत्तराखंड दौरा: दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे का तोहफा और लच्छीवाला टोल पर ‘नो टैक्स’ का आदेश
1. लच्छीवाला टोल प्लाजा रहेगा नि:शुल्क (Free)
देहरादून के जिलाधिकारी सविन बंसल ने शहर को जाम से बचाने और प्रधानमंत्री की रैली में आने वाले लोगों की सुविधा के लिए एक बड़ा निर्णय लिया है:
समय: 14 अप्रैल (मंगलवार) को सुबह 5:00 बजे से शाम 8:00 बजे तक।
नियम: इस दौरान किसी भी निजी, कमर्शियल या अन्य वाहनों से टोल टैक्स नहीं वसूला जाएगा।
फास्ट टैग: आदेश के अनुसार, इस अवधि में फास्ट टैग (FASTag) से भी कोई कटौती नहीं होगी।
उद्देश्य: भारी संख्या में आने वाले वाहनों के कारण टोल पर जाम न लगे और कानून-व्यवस्था बनी रहे।
2. पीएम मोदी के कार्यक्रम की प्रमुख बातें
प्रधानमंत्री का यह दौरा उत्तराखंड के बुनियादी ढांचे (Infrastructure) को नई ऊंचाई देने वाला है:
दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे: पीएम मोदी इस बहुप्रतीक्षित एक्सप्रेसवे का उद्घाटन करेंगे, जिससे दिल्ली और देहरादून के बीच की दूरी महज 2.5 घंटे की रह जाएगी।
बड़ी परियोजनाओं का शिलान्यास/लोकार्पण:
टिहरी पंप स्टोरेज प्लांट: 1000 मेगावाट क्षमता वाली इस महत्वपूर्ण परियोजना का उद्घाटन।
पंतनगर एयरपोर्ट: हवाई अड्डे के विस्तार कार्य की शुरुआत।
बनबसा लैंड पोर्ट: सीमा व्यापार और कनेक्टिविटी के लिए महत्वपूर्ण पोर्ट का शिलान्यास।
आध्यात्मिक दौरा: पीएम मोदी प्रसिद्ध डाट काली मंदिर में पूजा-अर्चना कर प्रदेश की खुशहाली की कामना करेंगे।
विशाल जनसभा: देहरादून के गढ़ीकैंट स्थित महिंद्रा ग्राउंड (जसवंत सिंह ग्राउंड) में प्रधानमंत्री एक जनसभा को संबोधित करेंगे।
3. सुरक्षा और प्रशासनिक तैयारियां
जिला प्रशासन और पुलिस बल पूरी तरह अलर्ट मोड पर हैं:
ट्रैफिक प्लान: रैली स्थल (महिंद्रा ग्राउंड) के आसपास जीरो जोन और पार्किंग की व्यवस्था की गई है।
भीड़ नियंत्रण: सीमावर्ती और पर्वतीय जनपदों से आने वाली बसों और निजी वाहनों के लिए रूट डायवर्जन प्लान तैयार किया गया है।
एक्शन में अधिकारी: जिलाधिकारी ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की शक्तियों का प्रयोग करते हुए सभी विभागों को तालमेल बिठाने के निर्देश दिए हैं।
4. जनता के लिए निर्देश
जो लोग 14 अप्रैल को देहरादून या आसपास की यात्रा कर रहे हैं, वे ट्रैफिक प्लान को देखकर ही घर से निकलें।
टोल फ्री होने से लच्छीवाला मार्ग पर सफर आसान होगा, लेकिन शहर के अंदरूनी हिस्सों में रैली के समय भीड़ का सामना करना पड़ सकता है।
निष्कर्ष: दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे का खुलना उत्तराखंड के पर्यटन और अर्थव्यवस्था के लिए गेम-चेंजर साबित होगा। पीएम मोदी के इस दौरे से राज्य में चुनावी और विकास की बयार एक साथ बहने की उम्मीद है।
