राजनीति

नीतीश कुमार की संसदीय पारी शुरू, राज्यसभा MP के रूप में ली शपथ

नीतीश कुमार की संसदीय पारी शुरू, राज्यसभा MP के रूप में ली शपथ

बिहार के मुख्यमंत्री और जनता दल (यूनाइटेड) प्रमुख नीतीश कुमार ने आज (10 अप्रैल 2026) दिल्ली में राज्यसभा सदस्य के रूप में शपथ ली। उपराष्ट्रपति और राज्यसभा सभापति सी.पी. राधाकृष्णन ने उन्हें शपथ दिलाई। यह उनके लंबे राजनीतिक करियर में एक नई शुरुआत है, जबकि बिहार में मुख्यमंत्री पद की सत्ता हस्तांतरण की प्रक्रिया तेज हो गई है।

शपथ ग्रहण का विवरण

नीतीश कुमार गुरुवार (9 अप्रैल) को पटना से दिल्ली पहुंचे थे।

शपथ दोपहर करीब 12:15 बजे या उसके आसपास ली गई।

वे अकेले शपथ लेने वाले थे। बाद में अन्य नवनिर्वाचित सांसदों (BJP और RLM सहित) की शपथ 16 अप्रैल को होनी है।

शपथ के बाद नीतीश कुमार ने कहा कि वे दिल्ली में रहकर काम करेंगे, हालांकि उनकी राजनीतिक गतिविधियां पटना से भी जारी रहेंगी।

पृष्ठभूमि और राजनीतिक महत्व

नीतीश कुमार हाल ही में राज्यसभा के लिए चुने गए थे। इससे पहले उन्होंने बिहार विधान परिषद (MLC) से इस्तीफा दे दिया था।

राज्यसभा शपथ लेने के बाद वे बिहार के मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने वाले हैं। जेडीयू और एनडीए के सूत्रों के अनुसार, नया मुख्यमंत्री 13-14 अप्रैल के आसपास चुना जा सकता है, और नई सरकार 15-16 अप्रैल को शपथ ले सकती है।

बिहार में एनडीए सरकार बनी हुई है। नई सरकार में नीतीश मॉडल (सुशासन, विकास और सामाजिक न्याय) जारी रहने की बात जेडीयू ने कही है।

दिल्ली में नीतीश कुमार को लुटियंस दिल्ली में टाइप-8 बंगला आवंटित किए जाने की संभावना है, जिसकी मरम्मत का काम चल रहा है।

बिहार में हलचल

नीतीश के दिल्ली जाने और शपथ लेने से बिहार की सियासत में खलबली मची हुई है। संभावित नए मुख्यमंत्री के नामों में सम्राट चौधरी (BJP) और अन्य जेडीयू-बीजेपी नेता चर्चा में हैं। जेडीयू ने साफ किया है कि अगला सीएम नीतीश कुमार की सहमति से ही बनेगा।

यह कदम बिहार में लंबे समय से चली आ रही “नीतीश राज” का औपचारिक अंत माना जा रहा है, हालांकि वे जेडीयू प्रमुख के रूप में पार्टी की कमान संभाले रहेंगे और संसद में सक्रिय भूमिका निभाएंगे।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *