बीजेपी में कलह: मंत्री का काफिला रोका, विधायक ने लगाए आरोप, अखिलेश यादव ने कसा तीखा तंज
बीजेपी में कलह: मंत्री का काफिला रोका, विधायक ने लगाए आरोप, अखिलेश यादव ने कसा तीखा तंज
उत्तर प्रदेश में सत्तारूढ़ भाजपा की अंदरूनी कलह एक बार फिर सड़क पर आ गई है। महोबा जिले के चरखारी में जल शक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह का काफिला उनके ही पार्टी के विधायक बृजभूषण राजपूत ने रोक लिया। विधायक ने जल जीवन मिशन के तहत खोदी गई सड़कों की दुर्दशा और गांवों में पानी न पहुंचने पर नाराजगी जताई, जिससे सुरक्षाकर्मियों और कार्यकर्ताओं के बीच धक्का-मुक्की और हंगामा हुआ। इस घटना पर समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने तंज कसते हुए कहा कि “डबल इंजन ही नहीं, डिब्बे भी आपस में टकरा रहे हैं”।
क्या हुआ घटना में?
मंत्री स्वतंत्र देव सिंह युवा उद्घोष कार्यक्रम से लौट रहे थे, जब विधायक बृजभूषण राजपूत ने 100 ग्राम प्रधानों के साथ मिलकर उनके काफिले के आगे 50 गाड़ियां लगा दीं।
विधायक ने मंत्री से शिकायत की कि सड़कें खोदकर छोड़ दी गई हैं, जिससे ग्रामीणों को भारी परेशानी हो रही है। उन्होंने अफसरों पर आरोप लगाया और कहा कि “अफसरों को छोड़ूंगा नहीं”।
बहस के दौरान सुरक्षाकर्मियों और भाजपा कार्यकर्ताओं के बीच तीखी नोकझोंक हुई, लेकिन मामला ज्यादा नहीं बढ़ा और मंत्री आगे बढ़ गए।
यह घटना महोबा में हुई, जहां विधायक ने मंत्री को “बंधक” बनाने की कोशिश की तरह देखा जा रहा है।
अखिलेश यादव का तंज
समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव ने इस वीडियो को सोशल मीडिया पर शेयर करते हुए भाजपा पर हमला बोला। उन्होंने कहा, “भाजपा के मंत्री और विधायक जनता की समस्याओं पर काम करने के बजाय पैसे कमाने और जमीन कब्जाने में लगे हैं। अपनी ही सरकार के मंत्री को विधायक द्वारा बंधक बनाना दर्शाता है कि भाजपा के विधायक अगले चुनाव में हारने वाले हैं। ये तो सिर्फ सैंपल है, आगे-आगे देखिए होता है क्या। इस बार भाजपा को चुनाव लड़ने के लिए प्रत्याशी ही नहीं मिलेंगे।”
यह घटना भाजपा के लिए असहज करने वाली है, खासकर लोकसभा चुनावों के करीब आते समय। पार्टी ने अभी तक इस पर कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया है, लेकिन सूत्रों के मुताबिक, आलाकमान इस कलह को सुलझाने की कोशिश में लगा है। अखिलेश का तंज सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, और विपक्ष इसे भाजपा की कमजोरी के रूप में इस्तेमाल कर रहा है।
