सड़कों पर जमी बर्फ, फंसे पर्यटक: हिमाचल-उत्तराखंड में भारी बर्फबारी से हालात बिगड़े, हजारों पर्यटक परेशान
सड़कों पर जमी बर्फ, फंसे पर्यटक: हिमाचल-उत्तराखंड में भारी बर्फबारी से हालात बिगड़े, हजारों पर्यटक परेशान
उत्तर भारत के पहाड़ी इलाकों में जनवरी 2026 की शुरुआत में भारी बर्फबारी ने मौसम को पूरी तरह बदल दिया है। हिमाचल प्रदेश (मनाली, शिमला, कुल्लू, धर्मशाला), उत्तराखंड (चोपता, चकराता, मसूरी, नैनीताल) और जम्मू-कश्मीर में लगातार बर्फ गिरने से सड़कें जमी हुई हैं, वाहन फिसल रहे हैं, और लंबे ट्रैफिक जाम लग गए हैं। पर्यटक जो बर्फ का मजा लेने आए थे, अब वही बर्फ उनकी परेशानी बन गई है।
मुख्य प्रभावित इलाके और हालात
मनाली (हिमाचल): मॉल रोड और आसपास की सड़कों पर बर्फ जमी, वाहन फंस गए। कई पर्यटक होटलों तक पैदल चलकर पहुंचे। अटल टनल के दूसरी तरफ बर्फ कम है, लेकिन रास्ते बंद होने से मुश्किल।
शिमला और कुल्लू: रिज और मॉल रोड सफेद चादर में ढक गए। रघुपुर फोर्ट में 12 पर्यटक फंसे, लोकल लोगों ने रेस्क्यू किया। कई गांव बिजली कटने से अंधेरे में।
चोपता (उत्तराखंड): ‘मिनी स्विट्जरलैंड’ अब बर्फ से ढका, लेकिन सड़कें बंद। तुंगनाथ धाम और दुगलबिट्टा में पर्यटक अलग-अलग जगह फंसे। वाहन स्किड हो रहे हैं।
चकराता (देहरादून): सीजन की पहली बर्फबारी के बाद भीड़ उमड़ी, लेकिन मुख्य मार्गों पर घंटों जाम। पर्यटक परेशान।
अन्य: बाराबंगाल (हिमाचल) पूरी तरह कट ऑफ, 900+ गांव प्रभावित। कई हाईवे बंद, पानी की सप्लाई ठप।
क्यों बढ़ी परेशानी?
भारी भीड़: बर्फबारी के बाद पर्यटकों की संख्या बढ़ गई, लेकिन रोड क्लियरेंस नहीं हो पाया।
स्लिपरी रोड्स: वाहन फिसलने, जाम और स्किडिंग की घटनाएं।
मौसम विभाग का अलर्ट: 26-27 जनवरी तक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय, और बर्फबारी-बारिश जारी रह सकती है।
पर्यटकों को सलाह: अनावश्यक यात्रा टालें, चेन वाली गाड़ियां इस्तेमाल करें, लोकल अपडेट चेक करें। कई जगह रेस्क्यू ऑपरेशन चल रहे हैं, लेकिन सर्दी का प्रकोप बढ़ा हुआ है।
