‘पहले दिन ही हार गए थे भारत…’ : ऑपरेशन सिंदूर पर पृथ्वीराज चव्हाण के बयान से सियासी भूचाल, BJP बोली- सेना का अपमान!
‘पहले दिन ही हार गए थे भारत…’ : ऑपरेशन सिंदूर पर पृथ्वीराज चव्हाण के बयान से सियासी भूचाल, BJP बोली- सेना का अपमान!
नई दिल्ली, 17 दिसंबर 2025: महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पृथ्वीराज चव्हाण ने ऑपरेशन सिंदूर को लेकर ऐसा बयान दिया है, जिससे राजनीतिक हंगामा मच गया है। पुणे में एक कार्यक्रम में चव्हाण ने दावा किया कि मई 2025 में पाकिस्तान के साथ हुए सैन्य संघर्ष के पहले ही दिन (7 मई) भारत पूरी तरह हार गया था। उन्होंने कहा, “हम पूरी तरह पराजित हो गए थे। आधे घंटे की हवाई लड़ाई में हम हार गए, चाहे लोग मानें या न मानें। भारतीय विमानों को मार गिराया गया और वायुसेना पूरी तरह ग्राउंडेड हो गई – कोई विमान उड़ नहीं सका।”
विवादित बयान के प्रमुख अंश:
ऑपरेशन सिंदूर में सेना जमीन पर एक किलोमीटर भी आगे नहीं बढ़ी।
लड़ाई सिर्फ हवाई और मिसाइल तक सीमित रही।
आगे के युद्ध भी ऐसे ही होंगे, तो 12 लाख सैनिकों की बड़ी सेना की क्या जरूरत?
सीजफायर रहस्यमय था, नुकसान की जानकारी नहीं दी गई।
BJP का तीखा हमला:
भाजपा ने इसे सेना का अपमान और देशद्रोह बताया।
प्रवक्ता शहजाद पूनावाला: “कांग्रेस का DNA ही सेना-विरोधी है। यह राहुल गांधी की मानसिकता का प्रतिबिंब है।”
संबित पात्रा: “यह राजद्रोह है, कांग्रेस पाकिस्तान की भाषा बोल रही है।”
एकनाथ शिंदे: “सेना के शौर्य पर सवाल उठाना देशद्रोह है।”
चव्हाण का जवाब: माफी नहीं!
विवाद बढ़ने पर चव्हाण अडिग रहे। उन्होंने कहा, “माफी का सवाल ही नहीं। संविधान मुझे सवाल पूछने का अधिकार देता है। मैंने कुछ गलत नहीं कहा।” उन्होंने पहलगाम हमले और ऑपरेशन सिंदूर की जांच की मांग की।
बैकग्राउंड: ऑपरेशन सिंदूर क्या था?
अप्रैल 2025 में पहलगाम आतंकी हमले (26 मौतें) के जवाब में भारत ने 7 मई को लॉन्च किया।
पाकिस्तान और PoK में 9 आतंकी ठिकानों पर हमला, 100+ आतंकी मारे गए।
भारत ने इसे बड़ी सफलता बताया, लेकिन चव्हाण के दावे से नया विवाद। पाक मीडिया भी उनके बयान पर इतराने लगा।
यह बयान विजय दिवस के आसपास आया, जिससे निंदा और तेज हुई। कांग्रेस ने खुद को दूरी बनाई, लेकिन BJP इसे बड़ा मुद्दा बना रही है। सियासी जंग अब संसद तक पहुंच सकती है!
