8th Pay Commission: सरकारी कर्मचारियों और पेंशनर्स को मिलेगा सैलरी में 30-34% तक का मेगा हाइक! कब से लागू होगा नया सैलरी स्ट्रक्चर?
8th Pay Commission: सरकारी कर्मचारियों और पेंशनर्स को मिलेगा सैलरी में 30-34% तक का मेगा हाइक! कब से लागू होगा नया सैलरी स्ट्रक्चर?
केंद्रीय सरकार ने आठवीं वेतन आयोग (8th Pay Commission) के गठन को औपचारिक रूप से मंजूरी दे दी है, जिससे करीब 50 लाख सरकारी कर्मचारियों और 65 लाख पेंशनर्स को सैलरी और पेंशन में भारी बढ़ोतरी की उम्मीद जगी है। वित्त मंत्रालय ने 3 नवंबर 2025 को गजट नोटिफिकेशन जारी कर आयोग के टर्म्स ऑफ रेफरेंस (ToR) को अधिसूचित किया है। पूर्व सुप्रीम कोर्ट जज जस्टिस रंजना प्रकाश देसाई आयोग की चेयरपर्सन होंगी, जबकि प्रो. पुलक घोष पार्ट-टाइम मेंबर और पंकज जैन मेंबर-सेक्रेटरी होंगे। आयोग की सिफारिशें 18 महीने के अंदर प्रस्तुत की जाएंगी, लेकिन लागू होने की तारीख 1 जनवरी 2026 से तय मानी जा रही है।
सैलरी हाइक का अनुमान: 30-34% तक की बढ़ोतरी
आयोग के तहत बेसिक पे में फिटमेंट फैक्टर (मल्टीप्लायर) के आधार पर सैलरी रिवाइज होगी। विशेषज्ञों के अनुसार, फिटमेंट फैक्टर 1.83 से 2.46 के बीच रह सकता है, जो वर्तमान 2.57 से कम होने के बावजूद कुल सैलरी में 30-34% की बढ़ोतरी ला सकता है। उदाहरण के लिए:
अगर किसी कर्मचारी का मौजूदा बेसिक पे 18,000 रुपये है, तो नया बेसिक पे 32,940 से 44,280 रुपये तक हो सकता है।
हाई-लेवल कर्मचारियों (बेसिक पे 50,000 रुपये) के लिए यह 91,500 से 1.23 लाख रुपये तक पहुंच सकता है।
डियरनेस अलाउंस (DA) वर्तमान 55% से रीसेट होकर जीरो हो जाएगा, लेकिन इसे बेसिक पे में मर्ज करने की कोई योजना नहीं है, जैसा कि वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने लोकसभा में स्पष्ट किया। DA हर 6 महीने में CPI के आधार पर रिवाइज होगा। HRA, TA जैसी भत्तों में भी बदलाव होंगे, जो नई बेसिक पे पर आधारित होंगे। पेंशनर्स को भी समानुपातिक लाभ मिलेगा, जिसमें न्यूनतम पेंशन 10,000 रुपये से ऊपर हो सकती है।
कब से मिलेगा नया पैसा? इंप्लीमेंटेशन की टाइमलाइन
गठन की तारीख: 3 नवंबर 2025 (गजट नोटिफिकेशन)।
रिपोर्ट सबमिशन: आयोग का गठन होने के 18 महीने के अंदर, यानी मई-जून 2027 तक।
लागू होने की संभावित तारीख: 1 जनवरी 2026 से, लेकिन रिपोर्ट की समीक्षा और संसदीय मंजूरी के कारण वास्तविक इंप्लीमेंटेशन 2027 या 2028 तक खिसक सकता है। देरी होने पर भी बकाया राशि (एरियर्स) रेट्रोस्पेक्टिवली 2026 से मिलेगी।
यूनियनों ने DA मर्जर की मांग की है, लेकिन सरकार ने खारिज कर दिया। आयोग आर्थिक स्थिति, राज्य वित्त और प्राइवेट सेक्टर बेंचमार्क को ध्यान में रखेगा।
आयोग का मंडेट: क्या बदलेगा?
पे मैट्रिक्स: नई सैलरी स्लैब्स, ग्रेड पे सिस्टम को और सरल बनाना।
पेंशन रिविजन: NPS/OPS में बदलाव, फैमिली पेंशन पर फोकस।
अन्य लाभ: वर्किंग कंडीशंस, इंसेंटिव्स और CGHS सब्सक्रिप्शन में अपडेट।
कर्मचारी यूनियंस ने आयोग से जल्द रिपोर्ट की मांग की है। कुल मिलाकर, यह 1 करोड़ से ज्यादा लोगों के लिए राहत पैकेज साबित होगा, लेकिन फाइनल सिफारिशें आने तक इंतजार ही एकमात्र विकल्प है। अपडेट्स के लिए वित्त मंत्रालय की वेबसाइट चेक करें।
