असम में बीजेपी की हैट्रिक, कांग्रेस की करारी हार: गौरव गोगोई ने ली हार की नैतिक जिम्मेदारी
असम में बीजेपी की हैट्रिक, कांग्रेस की करारी हार: गौरव गोगोई ने ली हार की नैतिक जिम्मेदारी
नई दिल्ली/गुवाहाटी: असम विधानसभा चुनाव 2026 के नतीजों ने राज्य में एक बार फिर ‘कमल’ खिला दिया है। भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने 126 सदस्यीय विधानसभा में 82 सीटों पर प्रचंड जीत दर्ज कर लगातार तीसरी बार सत्ता का मार्ग प्रशस्त किया है। वहीं, कांग्रेस की करारी शिकस्त के बाद प्रदेश अध्यक्ष गौरव गोगोई ने हार की पूरी जिम्मेदारी अपने सिर ली है।
अपनी सीट भी नहीं बचा पाए गौरव गोगोई
कांग्रेस के लिए सबसे बड़ा व्यक्तिगत और राजनीतिक झटका जोरहाट सीट से लगा। यहाँ प्रदेश अध्यक्ष गौरव गोगोई खुद चुनाव हार गए। उन्हें बीजेपी के हितेंद्र नाथ गोस्वामी ने कड़े मुकाबले में शिकस्त दी। अपनी हार और पार्टी के प्रदर्शन पर दुख जताते हुए गोगोई ने कहा:
”बतौर प्रदेश अध्यक्ष, असम में हार की जिम्मेदारी मैं लेता हूं। नतीजे हमारी उम्मीदों के विपरीत रहे हैं। हमें लगा था कि हम राज्य में कड़ी टक्कर देंगे, लेकिन कई सीटों पर परिणाम चौंकाने वाले हैं। मैं कांग्रेस नेतृत्व—मल्लिकार्जुन खड़गे, सोनिया गांधी और राहुल गांधी का आभार व्यक्त करता हूं कि उन्होंने मुझ पर भरोसा जताया। हम हार के कारणों पर विचार करेंगे और 9 मई को नवनिर्वाचित विधायकों की बैठक बुलाएंगे।”
बीजेपी में सरकार गठन की तैयारी, जेपी नड्डा बने पर्यवेक्षक
भारी बहुमत मिलने के बाद बीजेपी ने सरकार बनाने की प्रक्रिया तेज कर दी है। विधायक दल का नेता चुनने के लिए पार्टी के केंद्रीय नेतृत्व ने बड़े चेहरों को जिम्मेदारी सौंपी है:
केंद्रीय मंत्री जगत प्रकाश नड्डा को असम के लिए केंद्रीय पर्यवेक्षक नियुक्त किया गया है।
हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी को केंद्रीय सह-पर्यवेक्षक बनाया गया है।
ये दोनों नेता विधायकों के साथ बैठक कर नए मुख्यमंत्री के नाम पर मुहर लगाएंगे।
असम विधानसभा चुनाव 2026 के नतीजे
इस बार के नतीजों में बीजेपी ने विपक्ष का सूपड़ा साफ कर दिया है। मुख्य दलों की स्थिति इस प्रकार है:
बीजेपी (BJP): 82 सीटें (प्रचंड बहुमत)
कांग्रेस (INC): 19 सीटें
असम गण परिषद (AGP): 10 सीटें
बोडोलैंड पीपुल्स फ्रंट (BPF): 10 सीटें
AIUDF: 02 सीटें
रायजोर दल: 02 सीटें
तृणमूल कांग्रेस (TMC): 01 सीट
कांग्रेस जहां महज 19 सीटों पर सिमट गई, वहीं बीजेपी ने अकेले दम पर बहुमत का आंकड़ा (64) पार करते हुए 82 सीटें हासिल की हैं। सहयोगी दलों एजीपी और बीपीएफ ने भी 10-10 सीटें जीतकर गठबंधन को मजबूती दी है। पहली बार ममता बनर्जी की टीएमसी ने भी असम विधानसभा में अपना खाता खोला है। अब असम की जनता को नई सरकार के शपथ ग्रहण का इंतजार है।
