SIR दबाव में BLO सर्वेश सिंह की दर्दभरी मौत: ‘मां, मैं जीना चाहता हूं लेकिन…’ – वायरल वीडियो ने हिला दिया यूपी
SIR दबाव में BLO सर्वेश सिंह की दर्दभरी मौत: ‘मां, मैं जीना चाहता हूं लेकिन…’ – वायरल वीडियो ने हिला दिया यूपी
उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद जिले से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) अभियान के अत्यधिक काम के दबाव से तंग आकर बूथ लेवल अधिकारी (BLO) सर्वेश सिंह ने 30 नवंबर को फंदे से लटककर आत्महत्या कर ली। 46 वर्षीय शिक्षक सर्वेश ने अपनी मौत से पहले एक भावुक वीडियो रिकॉर्ड किया, जिसमें वे फूट-फूटकर रोते हुए अपनी मां से कहते नजर आ रहे हैं – “मां, मैं जीना चाहता हूं, लेकिन… मेरी चार छोटी बेटियां हैं, ख्याल रखना दीदी… मम्मी मुझे माफ कर देना।” यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया है, जिसने पूरे जिले को स्तब्ध कर दिया।
सर्वेश सिंह कंपोजिट विद्यालय जाहीदपुर, सीकमपुर ग्राम पंचायत, भगतपुर ब्लॉक में BLO के रूप में बूथ नंबर 406 का जिम्मा संभाल रहे थे। उन्होंने बेसिक शिक्षा अधिकारी को लिखे तीन पेज के सुसाइड नोट में SIR अभियान के तहत दिए गए टारगेट पूरा न कर पाने की चिंता जाहिर की। नोट में लिखा है कि लगातार काम का दबाव, वरिष्ठ अधिकारियों के दबाव और लक्ष्य हासिल न होने की असुरक्षा ने उन्हें इस कदम पर मजबूर कर दिया। परिवार का कहना है कि सर्वेश को बिना किसी प्रशिक्षण के अचानक BLO की जिम्मेदारी सौंपी गई थी, जिससे वे रात-दिन सो नहीं पा रहे थे। उन्होंने 65% काम पूरा कर लिया था, लेकिन बाकी टारगेट पूरा करने का बोझ उन्हें तोड़ गया।
वीडियो में सर्वेश बुरी तरह टूटे हुए दिख रहे हैं। वे रोते हुए कहते हैं, “मेरी मौत के बाद बच्चों का ख्याल रखना। मां, मुझे माफ कर देना।” यह क्लिप परिवार ने पुलिस को सौंपी है, जो अब जांच का हिस्सा बनी हुई है। जिला मजिस्ट्रेट अनुज सिंह ने बताया कि शव का पोस्टमॉर्टम हो चुका है और सभी पहलुओं की जांच चल रही है। उन्होंने कहा, “किसी BLO को नोटिस नहीं दिया गया था, इसलिए दबाव का स्रोत पता लगाया जा रहा है।” पुलिस ने परिवार को हर संभव सहायता का आश्वासन दिया है।
यह घटना SIR अभियान के तहत BLOs पर बढ़ते दबाव को उजागर करती है। यूपी सहित 12 राज्यों में चल रहे इस पुनरीक्षण में कई BLOs ने काम के बोझ की शिकायत की है। विशेषज्ञों का कहना है कि सरकारी कर्मचारियों की मानसिक स्वास्थ्य पर ध्यान देना जरूरी है। विपक्षी दलों ने सरकार से BLOs को राहत देने और जांच की मांग की है। परिवार में कोहराम मच गया है – पत्नी और चार बेटियां बेसुध हैं। सोशल मीडिया पर #JusticeForSarvesh ट्रेंड कर रहा है, जहां लोग वर्क प्रेशर के खिलाफ आवाज उठा रहे हैं। क्या यह त्रासदी SIR प्रक्रिया में बदलाव लाएगी? प्रशासन पर नजरें टिकी हैं।
