अन्तर्राष्ट्रीय

रूस का यूक्रेन पर ड्रोन हमला: शोस्तका रेलवे स्टेशन और पैसेंजर ट्रेन पर स्ट्राइक, कम से कम 30 घायल; जेलेंस्की ने बताया ‘आतंकवाद’

रूस का यूक्रेन पर ड्रोन हमला: शोस्तका रेलवे स्टेशन और पैसेंजर ट्रेन पर स्ट्राइक, कम से कम 30 घायल; जेलेंस्की ने बताया ‘आतंकवाद’

रूस ने शनिवार को यूक्रेन के उत्तर-पूर्वी सुमी क्षेत्र के शोस्तका शहर में स्थित रेलवे स्टेशन पर ड्रोन हमला किया, जिसमें एक पैसेंजर ट्रेन भी चपेट में आ गई। यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की ने इसे “क्रूर” और “आतंकवाद” करार देते हुए कहा कि कम से कम 30 लोग घायल हो चुके हैं, जिनमें यात्री और रेलवे कर्मचारी शामिल हैं। हालांकि, शुरुआती रिपोर्ट्स में मौतों की कोई पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन हमले की तीव्रता को देखते हुए आशंकाएं बनी हुई हैं। यह हमला रूस की ओर से यूक्रेन की रेलवे इंफ्रास्ट्रक्चर पर लगातार बढ़ते हमलों का हिस्सा है, जो पिछले दो महीनों में रोजाना हो रहे हैं।

हमले का पूरा विवरण

– घटना का समय और जगह: हमला शनिवार सुबह सुमी क्षेत्र के शोस्तका रेलवे स्टेशन पर हुआ। एक पैसेंजर ट्रेन, जो शोस्तका से राजधानी कीव की ओर जा रही थी, ड्रोन स्ट्राइक का शिकार हो गई। स्थानीय प्रशासन प्रमुख ओक्साना तारास्युक ने बताया कि हमले से ट्रेन के डिब्बे क्षतिग्रस्त हो गए, खिड़कियां उड़ गईं और आग लग गई।

– हताहत: राष्ट्रपति जेलेंस्की ने टेलीग्राम पर पोस्ट कर कहा, “शोस्तका रेलवे स्टेशन पर रूसी ड्रोन हमला। आपातकालीन सेवाएं मौके पर पहुंच चुकी हैं। अब तक 30 पीड़ितों की जानकारी है।” सुमी के गवर्नर ओलेह ह्रिहोरोव ने पुष्टि की कि कोई मौत नहीं हुई, लेकिन घायलों में कई की हालत गंभीर है। सभी घायलों को नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है।

– हमले का तरीका: यूक्रेन की एयर फोर्स ने बताया कि रूस ने शाहेद-टाइप ड्रोन का इस्तेमाल किया। यह हमला रूस की “सिस्टेमैटिक” रणनीति का हिस्सा लगता है, जहां रेलवे को निशाना बनाकर पश्चिमी हथियारों की सप्लाई रोकने की कोशिश की जा रही है। पिछले 24 घंटों में रूस ने 86 ड्रोन लॉन्च किए थे, जिनमें से कई ओडेसा क्षेत्र के रेलवे को निशाना बनाया गया।

जेलेंस्की और यूक्रेन की प्रतिक्रिया

जेलेंस्की ने कहा, “रूस को पता था कि वे नागरिकों को निशाना बना रहे हैं। यह आतंकवाद है, जिसे दुनिया नजरअंदाज नहीं कर सकती।” उन्होंने यूक्रेन की सेना को रूसी ऊर्जा साइटों पर ड्रोन हमलों को तेज करने का निर्देश दिया, जो “न्यायपूर्ण प्रतिशोध” का हिस्सा है। यूक्रेन की रेलवे कंपनी (Ukrzaliznytsia) के सीईओ ओलेक्जांडर पर्टोवस्की ने कहा कि रूस का उद्देश्य यात्रियों में घबराहट फैलाना और अर्थव्यवस्था को चोट पहुंचाना है।

रूस की रणनीति और पृष्ठभूमि

– रेलवे पर फोकस: रूस ने गर्मियों से यूक्रेन की रेलवे पर ड्रोन हमलों को बढ़ा दिया है। प्रमुख जंक्शन, सबस्टेशन, लोकोमोटिव डिपो और पैसेंजर स्टेशन निशाने पर हैं। रेलवे यूक्रेन की लाइफलाइन है, जो सैन्य और नागरिक दोनों के लिए जरूरी है।

– हाल के हमले: 2 अक्टूबर को ओडेसा क्षेत्र में रेलवे इंफ्रास्ट्रक्चर पर हमला हुआ, जिसमें 4 मौतें और 25 घायल हुए। 28 सितंबर को कीव में हाई-स्पीड ट्रेन डिपो पर मिसाइल स्ट्राइक हुई। 23 सितंबर को रूस ने “मासिव वेव” ड्रोन अटैक शुरू किया।

– रूस का पक्ष: रूस ने हमले की जिम्मेदारी नहीं ली, लेकिन दावा किया कि वे यूक्रेन की सैन्य लॉजिस्टिक्स को टारगेट कर रहे हैं।

वैश्विक प्रतिक्रियाएं

– यूरोपीय संघ और नाटो: यूरोपीय राजनीतिक समुदाय (EPC) समिट में जेलेंस्की ने रूस के हमलों का जिक्र किया। फ्रांस और ब्रिटेन ने अतिरिक्त हथियार सप्लाई का वादा किया।

– यूएस: ट्रंप प्रशासन ने यूक्रेन को हथियार जारी रखने की बात कही, लेकिन शांति वार्ता पर जोर दिया।

– संयुक्त राष्ट्र: महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने नागरिकों पर हमलों की निंदा की।

यह हमला रूस-यूक्रेन युद्ध के 3 वर्षों में नागरिक इंफ्रास्ट्रक्चर पर बढ़ते हमलों का हिस्सा है, जहां रेलवे को “सॉफ्ट टारगेट” बनाया जा रहा है। यूक्रेन ने जवाबी कार्रवाई तेज करने का संकेत दिया है। नवीनतम अपडेट के लिए जेलेंस्की के टेलीग्राम या कीव इंडिपेंडेंट चेक करें।

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