सिनेमाघरों में ‘माइकल’ की धूम: बॉक्स ऑफिस पर रिकॉर्ड तोड़ कमाई के बीच किंग ऑफ पॉप का दर्दनाक सच वायरल
सिनेमाघरों में ‘माइकल’ की धूम: बॉक्स ऑफिस पर रिकॉर्ड तोड़ कमाई के बीच किंग ऑफ पॉप का दर्दनाक सच वायरल
मशहूर पॉप स्टार माइकल जैक्सन की जिंदगी पर आधारित बायोपिक ‘माइकल’ इन दिनों बॉक्स ऑफिस पर कामयाबी के नए झंडे गाड़ रही है। फिल्म को मिल रहे दर्शकों के अपार प्यार ने यह साबित कर दिया है कि जैक्सन की विरासत आज भी उनके प्रशंसकों के दिलों में जिंदा है।
बॉक्स ऑफिस रिपोर्ट: 2000 करोड़ के पार पहुँचा आंकड़ा
फिल्म के कलेक्शन की बात करें तो भारत समेत पूरी दुनिया में ‘माइकल’ का जादू सिर चढ़कर बोल रहा है।
घरेलू कलेक्शन: भारत में फिल्म ने अब तक 28 करोड़ रुपये की ठोस कमाई कर ली है।
वैश्विक स्तर: वर्ल्डवाइड कलेक्शन के मामले में फिल्म ने 2065 करोड़ रुपये का विशाल आंकड़ा पार कर लिया है।
इंटरव्यू का वो सच जिसने फैंस को कर दिया भावुक
एक तरफ फिल्म पर्दे पर रिकॉर्ड बना रही है, तो वहीं दूसरी ओर सोशल मीडिया (X) पर ओपरा विनफ्रे के साथ माइकल जैक्सन का एक पुराना इंटरव्यू फिर से चर्चा में आ गया है। इस वायरल वीडियो में जैक्सन अपनी त्वचा के बदलते रंग को लेकर किए गए तीखे सवालों का जवाब देते नजर आ रहे हैं।
जब ओपरा ने उनसे सीधे तौर पर पूछा कि क्या वे अपनी त्वचा को ‘ब्लीच’ कर रहे हैं, तो माइकल का जवाब किसी की भी आँखें नम करने के लिए काफी था।
”यह मेरा चुनाव नहीं, मेरी बीमारी है”
भावुक होते हुए माइकल जैक्सन ने कहा, “स्किन ब्लीचिंग जैसी कोई चीज़ नहीं है। मुझे एक गंभीर स्किन डिसऑर्डर (विटिलिगो) है, जो त्वचा के पिग्मेंटेशन को नष्ट कर देता है। इस पर मेरा कोई वश नहीं है।”
उन्होंने समाज के दोहरे मापदंडों पर सवाल उठाते हुए आगे कहा:
”जब लोग कहते हैं कि मैं वह नहीं बनना चाहता जो मैं हूँ, तो मुझे बहुत दुख होता है। यह मेरी एक बीमारी है। लेकिन उन लोगों का क्या जो घंटों धूप में बैठकर अपनी त्वचा को डार्क (टैन) करने की कोशिश करते हैं? उनसे कोई नहीं पूछता कि वे वह क्यों बनना चाहते हैं जो वे असल में नहीं हैं?”
https://x.com/i/status/2049346552204861732
एक कलाकार का संघर्ष
यह वायरल क्लिप आज की पीढ़ी को यह याद दिला रही है कि जिस कलाकार ने दुनिया को अपनी धुन पर नचाया, उसे अपनी ही शारीरिक स्थिति के लिए पूरी दुनिया को सफाई देनी पड़ी थी। फिल्म ‘माइकल’ न केवल उनके संगीत, बल्कि उनके इसी निजी संघर्ष और उनके मानवीय पक्ष को भी पर्दे पर बखूबी उतार रही है।
