जम्मू-कश्मीर के डोडा में बादल फटा,10 से ज्यादा घर तबाह: बाढ़ और भूस्खलन से मची तबाही
जम्मू-कश्मीर के डोडा में बादल फटा, 10 से ज्यादा घर तबाह: बाढ़ और भूस्खलन से मची तबाही
डोडा: जम्मू-कश्मीर के डोडा जिले में मंगलवार, 26 अगस्त 2025 को भारी बारिश के बीच बादल फटने की घटना ने भयानक तबाही मचा दी। डोडा के भद्रवाह क्षेत्र में बादल फटने से चिनाब नदी और स्थानीय नालों का जलस्तर अचानक बढ़ गया, जिससे भूस्खलन और बाढ़ ने दर्जनों घरों को नष्ट कर दिया। स्थानीय प्रशासन के अनुसार, 10 से अधिक घर पूरी तरह तबाह हो गए, जबकि कई अन्य क्षतिग्रस्त हैं। सौभाग्य से अभी तक कोई हताहत की खबर नहीं आई है, लेकिन दो दर्जन से अधिक परिवार बेघर हो गए हैं।
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने डोडा, किश्तवाड़, रामबन और अन्य जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया था, जिसमें भारी से अत्यधिक भारी बारिश और बादल फटने की चेतावनी दी गई थी। भद्रवाह के गौरी नाला क्षेत्र में बादल फटने से मलबा और पानी का तेज बहाव आया, जिसने 12 घरों को बहा दिया। डोडा के डिप्टी कमिश्नर ने बताया कि सेना, एसडीआरएफ और स्थानीय पुलिस की टीमें राहत और बचाव कार्य में जुटी हुई हैं। प्रभावित परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है, और अस्थायी आश्रय शिविर स्थापित किए गए हैं।
यह घटना हाल ही में किश्तवाड़ के चिसोती गांव में 14 अगस्त को हुए बादल फटने की याद दिलाती है, जहां 70 से अधिक लोगों की मौत हो गई थी। डोडा में भी भारी बारिश ने सड़कों को क्षतिग्रस्त कर दिया है, जिससे भद्रवाह-किश्तवाड़ मार्ग पर यातायात बाधित हो गया। मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने जिला प्रशासन को हाई अलर्ट पर रहने के निर्देश दिए हैं और केंद्र सरकार से अतिरिक्त सहायता की मांग की है। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भी प्रभावित क्षेत्रों का दौरा करने की योजना बनाई है।
स्थानीय निवासियों ने बताया कि बारिश की वजह से पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन का खतरा बढ़ गया है। प्रशासन ने लोगों को नदियों और नालों से दूर रहने की सलाह दी है। IMD ने अगले 48 घंटों तक भारी बारिश की चेतावनी जारी रखी है, जिससे और तबाही की आशंका है। राहत कार्य तेज जारी हैं, लेकिन मौसम की मार से ग्रामीण इलाकों में दहशत का माहौल है।
