Friday, July 3, 2026
Latest:
राजनीति

बिहार CM नीतीश कुमार का बड़ा ऐलान, उद्योगों को मिलेगी 40 करोड़ तक की ब्याज सब्सिडी

पटना: बिहार विधानसभा चुनाव 2025 से ठीक पहले मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने राज्य के औद्योगिक विकास को गति देने के लिए ‘बिहार इंडस्ट्रियल इन्वेस्टमेंट प्रमोशन पैकेज 2025’ (BIPPP-2025) को मंगलवार, 26 अगस्त 2025 को औपचारिक रूप से लागू कर दिया। इस पैकेज के तहत निवेशकों को मुफ्त जमीन, 40 करोड़ रुपये तक की ब्याज सब्सिडी और SGST रिफंड जैसी रियायतें मिलेंगी। नीतीश कुमार ने कहा कि यह पैकेज अगले पांच वर्षों में 1 करोड़ युवाओं को रोजगार प्रदान करने का लक्ष्य रखता है, जो बिहार को औद्योगिक हब बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है।

पैकेज की मुख्य विशेषताओं में नई इकाइयों के लिए प्रोजेक्ट लागत का 300% तक SGST रिफंड 14 वर्षों के लिए, 30% कैपिटल सब्सिडी, और निर्यात प्रोत्साहन के लिए प्रति वर्ष 40 लाख रुपये की सीमा शामिल है। इसके अलावा, स्किल डेवलपमेंट, पर्यावरण संरक्षण, नवीकरणीय ऊर्जा उपयोग, स्टांप ड्यूटी रिफंड, लैंड कन्वर्जन फीस में सहायता, प्राइवेट इंडस्ट्रियल पार्क्स को समर्थन और पेटेंट रजिस्ट्रेशन व क्वालिटी सर्टिफिकेशन के लिए सहायता प्रदान की जाएगी। उद्योगों के लिए सभी जिलों में जमीन उपलब्ध कराई जाएगी, और अधिक रोजगार देने वाले उद्योगों को मुफ्त जमीन दी जाएगी। जमीन विवादों का प्राथमिकता से समाधान भी होगा।

नीतीश कुमार ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, “2020 में सात निश्चय पार्ट-2 के तहत हमने 50 लाख युवाओं को रोजगार दिया। अब अगले पांच वर्षों में 1 करोड़ युवाओं को सरकारी नौकरियां, निजी क्षेत्र में रोजगार और स्वरोजगार के अवसर प्रदान करेंगे।” उन्होंने जोर दिया कि यह पैकेज निजी क्षेत्र को प्रोत्साहित करने के लिए है, और अगले छह महीनों में उद्योग लगाने वालों को ये सुविधाएं मिलेंगी। पैकेज का उद्देश्य बिहार के युवाओं को कुशल, आत्मनिर्भर बनाना और प्रवासन रोकना है।

यह घोषणा चुनावी माहौल में आ गई है, जहां NDA (नीतीश कुमार की JDU और BJP) का मुकाबला इंडिया गठबंधन (RJD, कांग्रेस) से है। विपक्ष ने इसे ‘चुनावी जुमला’ बताते हुए कहा कि पिछले पैकेजों से कितने उद्योग लगे? RJD नेता तेजस्वी यादव ने X पर पोस्ट किया, “नीतीश जी के वादों से बिहार का विकास रुका हुआ है। असली रोजगार कहां?” वहीं, BJP ने इसे स्वागतयोग्य बताया और कहा कि यह बिहार की प्रगति का प्रमाण है।

विशेषज्ञों का मानना है कि यह पैकेज फॉर्च्यून 500 कंपनियों को आकर्षित कर सकता है, लेकिन जमीन अधिग्रहण और बुनियादी ढांचे की चुनौतियां बाधा बन सकती हैं। सरकार ने विस्तृत अधिसूचना जारी करने की घोषणा की है, जो उद्योग विभाग की वेबसाइट पर उपलब्ध होगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *