Voter Adhikar Yatra: प्रियंका गांधी का 2 दिवसीय बिहार दौरा आज, सीता की जन्मस्थली में करेंगी पूजा
पटना: बिहार की सियासत में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है। कांग्रेस के दिग्गज नेता राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा की जोड़ी बिहार में इंडिया गठबंधन की रणनीति को मजबूत करने के लिए मैदान में उतर चुकी है। 10 अगस्त को राहुल गांधी ने राष्ट्रीय जनता दल (RJD) नेता तेजस्वी प्रसाद यादव के साथ ‘वोटर अधिकार यात्रा’ शुरू की थी, जिसमें प्रियंका गांधी बाद में शामिल हुईं। इस बीच, दोनों नेताओं ने औरंगाबाद के देवकुंड सूर्य मंदिर में पूजा-अर्चना कर देश में सुख-शांति की कामना की।
सूत्रों के अनुसार, प्रियंका गांधी अब सीतामढ़ी के पुणौरा धाम में माता सीता मंदिर में पूजा करने वाली हैं। यह क्षेत्र न केवल धार्मिक रूप से महत्वपूर्ण है, बल्कि NDA का मजबूत गढ़ भी माना जाता है। हाल ही में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने इस मंदिर के पुनर्विकास के लिए 882.87 करोड़ रुपये की परियोजना का शिलान्यास किया। यह परियोजना बिहार विधानसभा चुनाव से पहले NDA की रणनीति का हिस्सा है, जिसे मिथिलांचल क्षेत्र में सांस्कृतिक राष्ट्रवाद के जरिए वोटरों को लुभाने के लिए शुरू किया गया है।
प्रियंका गांधी की सीतामढ़ी यात्रा को कांग्रेस की जवाबी रणनीति के तौर पर देखा जा रहा है। वह मंदिर में पूजा के बाद एक विशाल जनसभा को संबोधित करेंगी, जिसमें चुनाव आयोग द्वारा बिहार में चलाए जा रहे विशेष गहन संशोधन (SIR) को लेकर NDA पर निशाना साधेंगी। कांग्रेस का दावा है कि SIR के जरिए BJP और चुनाव आयोग मिलकर बिहारियों के वोटर अधिकारों को प्रभावित कर रहे हैं। प्रियंका ने हाल ही में दिल्ली में संसद से चुनाव आयोग कार्यालय तक मार्च में भी इस मुद्दे को उठाया था।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि प्रियंका और राहुल की यह जोड़ी बिहार में इंडिया गठबंधन को मजबूत करने और NDA के हिंदुत्व कार्ड का जवाब देने की कोशिश कर रही है। मिथिलांचल में सीता मंदिर का मुद्दा और SIR पर विवाद बिहार चुनाव को और रोमांचक बना सकता है।
