वोट चोरी और दीपोत्सव पर संजय राउत का हमला: कहा- ‘भाजपा को देश की परवाह नहीं, केवल सांप्रदायिक राजनीति से सरोकार’
वोट चोरी और दीपोत्सव पर संजय राउत का हमला: कहा- ‘भाजपा को देश की परवाह नहीं, केवल सांप्रदायिक राजनीति से सरोकार’
मुंबई:
शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) के सांसद संजय राउत ने शनिवार को भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर वोट चोरी, एसआईआर (SIR) और धार्मिक धुव्रीकरण को लेकर तीखा हमला बोला। राउत ने आरोप लगाया कि भाजपा को देश की लोकतांत्रिक मर्यादाओं से कोई सरोकार नहीं है और वह लगातार सांप्रदायिक राजनीति के जरिए चुनाव जीतने का प्रयास कर रही है।
हिंदू-मुसलमान वोट बैंक और सपा प्रमुख का समर्थन
संजय राउत का यह बयान समाजवादी पार्टी (सपा) प्रमुख अखिलेश यादव की उस टिप्पणी के बाद आया है, जिसमें उन्होंने वोटर लिस्ट से 1.27 करोड़ मतदाताओं के नाम काटे जाने के दावे पर सवाल खड़े किए थे। अखिलेश यादव के रुख का समर्थन करते हुए राउत ने कहा:
समान अधिकार: नागरिकता और मतदान का अधिकार बिना किसी जाति या धर्म के भेदभाव के मिलना चाहिए।
वोट चोरी में धर्म की राजनीति: राउत ने आरोप लगाया कि यूपी के मुख्यमंत्री वोट काटे जाने के मामले में भी हिंदुओं का अलग वर्ग बताकर धार्मिक कार्ड खेल रहे हैं। उन्होंने कहा, “वे वोट चोरी जैसे गंभीर लोकतांत्रिक मुद्दे पर भी धर्म की राजनीति ले आए हैं। यही खेल इन्होंने पश्चिम बंगाल, महाराष्ट्र और अब उत्तर प्रदेश में खेला है।”
अयोध्या दीपोत्सव पर तंज: ‘धर्म की राजनीति से अंधकार बढ़ा रहे सत्ताधीश’
अयोध्या में आयोजित दीपोत्सव को लेकर राउत ने कहा कि भगवान श्री राम के 14 वर्षों के वनवास से लौटने पर अयोध्या वासियों ने अंधकार दूर करने और अपने राजा के स्वागत के लिए दीये जलाए थे। लेकिन आगामी चुनावों को देखते हुए सरकार इस बार दीयों की संख्या बढ़ाकर राजनीतिक फायदा उठाने में लगी है।
उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि आज सत्ता में बैठे लोग धर्म की राजनीति करके समाज में अंधकार बढ़ा रहे हैं और लोकतंत्र की हत्या कर रहे हैं, ऐसे में महज दीये जलाने से क्या हासिल होगा।

