आइची-नागोया पैरा एशियन गेम्स 2026: दीप्ति जीवनजी ने 400 मीटर T20 स्पर्धा में नया रिकॉर्ड बनाकर जीता स्वर्ण पदक
आइची-नागोया पैरा एशियन गेम्स 2026: दीप्ति जीवनजी ने 400 मीटर T20 स्पर्धा में नया रिकॉर्ड बनाकर जीता स्वर्ण पदक
नागोया (जापान):
एशियन पैरा गेम्स 2026 में भारत का शानदार प्रदर्शन लगातार जारी है। प्रतियोगिता के दूसरे दिन (मंगलवार को) भारत की स्टार एथलीट दीप्ति जीवनजी ने एथलेटिक्स की महिलाओं की 400 मीटर T20 स्पर्धा में ऐतिहासिक प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक (Gold Medal) अपने नाम किया है।
दीप्ति ने शानदार दौड़ लगाते हुए 56.36 सेकंड का समय निकाला और अपना ही पिछला रिकॉर्ड तोड़कर एक नया गेम्स रिकॉर्ड स्थापित किया। इसके साथ ही उन्होंने अपने स्वर्ण पदक का सफलतापूर्वक बचाव भी कर लिया है।
खुद का ही पुराना रिकॉर्ड किया बेहतर
दीप्ति ने इससे पहले 2022 के एशियाई पैरा खेलों में 56.59 सेकंड का समय निकालकर रिकॉर्ड बनाया था। इस बार उन्होंने अपने प्रदर्शन में 0.23 सेकंड का सुधार करते हुए 56.36 सेकंड का नया कीर्तिमान रचा है।
दीप्ति जीवनजी का प्रेरणादायक सफर और उपलब्धियां
तेलंगाना की रहने वाली 23 वर्षीय दीप्ति का यह मुकाम उनकी कड़ी मेहनत, संघर्ष और अटूट दृढ़ संकल्प का परिणाम है:
शुरुआती संघर्ष: बौद्धिक अक्षमता के कारण शुरुआती जीवन में उन्हें कई मुश्किलों का सामना करना पड़ा। जब वह 15 वर्ष की थीं, तब स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (SAI) के कोच एन. रमेश ने एक राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में उनकी प्रतिभा को पहचाना और उन्हें अपने मार्गदर्शन में लिया।
अंतरराष्ट्रीय पदार्पण: उनके पैरा-एथलेटिक्स सफर की शुरुआत 2019 में हांगकांग में आयोजित एशियन यूथ चैंपियनशिप से हुई थी, जहाँ उन्होंने कांस्य पदक जीता था।
प्रमुख उपलब्धियां:
खेलो इंडिया यूथ गेम्स 2020 (गुवाहाटी) में 100 मीटर और 200 मीटर में स्वर्ण पदक।
एशियन पैरा गेम्स 2023 में गेम्स और एशियन रिकॉर्ड तोड़कर सोना जीतना।
वर्ल्ड चैंपियनशिप 2024 में 55.07 सेकंड का समय निकालकर वर्ल्ड रिकॉर्ड के साथ स्वर्ण पदक जीतना।
पेरिस पैरालंपिक 2024 में कांस्य पदक (Bronze Medal) हासिल करना।
कठिन परिस्थितियों को मात देकर वैश्विक स्तर पर भारत का परचम लहराने वाली दीप्ति जीवनजी आज देश के करोड़ों युवाओं के लिए प्रेरणा बन चुकी हैं। उनकी इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर खेल जगत और देश भर से बधाइयों का तांता लगा हुआ है।

