बीजिंग में बड़ा हादसा: सबसे ऊंची इमारत ‘चाइना ज़ुन’ से टकराया छोटा विमान, मची अफरा-तफरी
बीजिंग में बड़ा हादसा: सबसे ऊंची इमारत ‘चाइना ज़ुन’ से टकराया छोटा विमान, मची अफरा-तफरी
बीजिंग: दुनिया के सबसे सुरक्षित और कड़े सुरक्षा पहरे वाले शहरों में शुमार चीन की राजधानी बीजिंग से शुक्रवार दोपहर एक बेहद चौंकाने वाली घटना सामने आई है। यहाँ के मुख्य बिजनेस डिस्ट्रिक्ट में स्थित बीजिंग की सबसे ऊंची 109 मंजिला इमारत ‘सीआईटीआईसी (CITIC) टावर’, जिसे ‘चाइना ज़ुन’ (China Zun) भी कहा जाता है, उससे एक छोटा विमान टकरा गया। इस टक्कर के बाद आसमान से मलबे को नीचे गिरते देख इलाके में हड़कंप मच गया।
सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल, जमीन पर बिखरा मलबा
हादसे के तुरंत बाद चीनी सोशल मीडिया पर कई वीडियो और तस्वीरें वायरल होने लगीं (जिन्हें बाद में हटा दिया गया)। इन दृश्यों में 528 मीटर ऊंचे इस गगनचुंबी स्काईस्क्रेपर की एक ऊपरी मंजिल के ग्लास पैनल (शीशे) टूटे हुए और वहां एक बड़ा छेद दिखाई दिया। जमीन पर विमान का पिछला हिस्सा (टैल), एक विंग और नीचे खड़ी एक टैक्सी की टूटी हुई खिड़की देखी गई। इमारत के अंदर मौजूद लोगों के मुताबिक, टक्कर की आवाज इतनी तेज थी कि लगा जैसे कोई बड़ा पटाखा या आतिशबाजी हुई हो।
इमारत को कराया गया खाली, भारी पुलिस बल तैनात
घटना की सूचना मिलते ही बीजिंग प्रशासन में हड़कंप मच गया। तुरंत ही ‘चाइना ज़ुन’ टावर को पूरी तरह खाली कराया गया और लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। मौके पर फायर ब्रिगेड की कई गाड़ियां, दर्जनों पुलिस वाहन और एम्बुलेंस पहुंच गईं।
सुरक्षा के लिहाज से इमारत के आसपास की सभी मुख्य सड़कों को पूरी तरह सील (बंद) कर दिया गया है।
चीनी पुलिस ने कड़ा रुख अपनाते हुए मौके पर मौजूद लोगों और राहगीरों को इस घटना की तस्वीरें लेने या वीडियो बनाने से सख्ती से रोक दिया और कई लोगों के मोबाइल से वीडियो डिलीट भी करवाए।
’सनवर्ड SA 60L ऑरोरा’ विमान था शिकार
ऑनलाइन उपलब्ध कराई गई विमान के रजिस्ट्रेशन कोड की तस्वीरों के मुताबिक, दुर्घटनाग्रस्त विमान घरेलू स्तर पर निर्मित लाइट स्पोर्ट्स एयरक्राफ्ट ‘सनवर्ड SA 60L ऑरोरा’ (Sunward SA 60L Aurora) है। यह दो सीटों वाला और एक इंजन वाला बेहद हल्का विमान होता है, जो स्थानीय जनरल एविएशन कंपनी का बताया जा रहा है।
तय रास्ते से भटक गया था विमान
’फ्लाइटराडार24′ (Flightradar24) के बिना पुष्टि वाले फ्लाइट डेटा के अनुसार, इस विमान ने शिफ़ोसी (Shifosi) एयरपोर्ट से उड़ान भरी थी और वापसी के दौरान यह अपने तय रूट (फ्लाइट पाथ) से काफी ज्यादा भटक गया था, जिसके बाद इसका सिग्नल लॉस हो गया।
हताहतों पर सस्पेंस: शुरुआती रिपोर्ट्स के मुताबिक, विमान में सिर्फ पायलट ही सवार था। हालांकि, इस हादसे में कुल कितने लोग घायल हुए हैं या किसी की जान गई है, इसकी कोई भी आधिकारिक पुष्टि या बयान चीनी अधिकारियों द्वारा अभी तक जारी नहीं किया गया है।
बीजिंग के कड़े हवाई नियमों पर उठे सवाल
यह घटना इसलिए भी सुरक्षा एजेंसियों के कान खड़े करने वाली है क्योंकि चीन की राजधानी बीजिंग का हवाई क्षेत्र बेहद सुरक्षित माना जाता है। यहाँ किसी भी छोटे विमान को उड़ाने के लिए वायुसेना और सिविल एविएशन अथॉरिटी दोनों से विशेष अनुमति लेनी अनिवार्य होती है। इसके अलावा, हाल ही में 1 मई से बीजिंग सरकार ने नए और कड़े नियमों के तहत पूरे राजधानी क्षेत्र को ‘ड्रोन-फ्री ज़ोन’ घोषित करते हुए बिना मंजूरी ड्रोन खरीदने, बेचने, किराए पर लेने या उड़ाने पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा रखा है। ऐसे में इस हल्के विमान का शहर के सबसे व्यस्त वीआईपी इलाके में घुस जाना एक गंभीर जांच का विषय बन गया है।
