सुलग रहा बंगाल: चुनावी नतीजों के बाद खूनी संघर्ष, 3 की मौत और कई जगह आगजनी, निशाने पर राजनीतिक दफ्तर और मूर्तियां
कोलकाता: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के नतीजों के बाद राज्य में पोस्ट-पोल हिंसा की भयावह तस्वीर सामने आ रही है। BJP की बड़ी जीत के बाद TMC कार्यकर्ताओं और दफ्तरों पर हमले, आगजनी और तोड़फोड़ की घटनाएं लगातार हो रही हैं। अब तक 3 मौतों की खबर है, जबकि कई जगहों पर तनाव जारी है।
मुख्य घटनाएं
आसनसोल (जमुरिया और गोधुली): TMC के दफ्तर में आग लगाई गई और तोड़फोड़ की गई। फर्नीचर, झंडे, पोस्टर और बैनर क्षतिग्रस्त कर दिए गए।
कोलकाता: टॉलीगंज, कासबा, बरुईपुर, कमरहाटी, बारानगर समेत कई इलाकों में TMC दफ्तरों पर हमले। एक TMC पार्षद के दफ्तर में भारी तोड़फोड़ की गई।
मुर्शिदाबाद (जियागंज): लेनिन की दशकों पुरानी मूर्ति को तोड़ दिया गया। TMC नेता महुआ मोइत्रा ने BJP कार्यकर्ताओं पर आरोप लगाया।
अन्य जगहें: हावड़ा, सिलिगुड़ी, बहारामपुर और दिंहाटा में भी clashes और vandalism की रिपोर्ट्स।
मौतें
हिंसा में दो BJP कार्यकर्ता और एक TMC कार्यकर्ता की मौत हो गई। न्यू टाउन में BJP कार्यकर्ता मधु मंडल पर हमले के बाद मौत की खबर है। TMC ने BJP पर और BJP ने TMC पर आरोप लगाए हैं।
चुनाव आयोग का एक्शन
चुनाव आयोग ने हिंसा पर सख्त रुख अपनाते हुए राज्य पुलिस को तुरंत कार्रवाई के आदेश दिए हैं। CAPF की तैनाती बढ़ाई गई है और सभी जिलों से रिपोर्ट मांगी गई है। EC ने स्पष्ट किया है कि किसी भी तरह की हिंसा बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
TMC और BJP का बयान
TMC ने BJP समर्थकों पर हमलों का आरोप लगाया और इसे “जनादेश का अपमान” बताया।
BJP ने किसी भी हिंसा से इनकार किया और कहा कि TMC के कार्यकर्ता हार का सामना नहीं कर पा रहे हैं।
ममता बनर्जी और अन्य TMC नेताओं ने राज्य में कानून व्यवस्था बिगड़ने का आरोप लगाया है, जबकि नई सरकार बनाने की प्रक्रिया भी शुरू हो चुकी है।
नोट: स्थिति अत्यंत संवेदनशील है। पुलिस और केंद्रीय बलों ने संवेदनशील इलाकों में भारी तैनाती कर दी है। दोनों पार्टियों से शांति बनाए रखने की अपील की गई है।
