चारधाम यात्रा पर ‘सियासी संग्राम’: गणेश गोदियाल का सरकार पर तीखा हमला, कहा— ‘शोबाजी में व्यस्त हैं मुख्यमंत्री’
चारधाम यात्रा पर ‘सियासी संग्राम’: गणेश गोदियाल का सरकार पर तीखा हमला, कहा— ‘शोबाजी में व्यस्त हैं मुख्यमंत्री’
देहरादून: उत्तराखंड की विश्व प्रसिद्ध चारधाम यात्रा में उमड़ रही श्रद्धालुओं की भारी भीड़ और अव्यवस्थाओं के वीडियो सामने आने के बाद प्रदेश की सियासत गरमा गई है। कांग्रेस ने बदइंतजामी को लेकर सीधे मुख्यमंत्री और सरकार की मंशा पर सवाल उठाए हैं। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने सरकार पर हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि शासन का ध्यान जमीनी तैयारियों पर नहीं, बल्कि केवल ‘शोबाजी’ पर केंद्रित है।
’प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री सिर्फ शोबाजी में व्यस्त’
गणेश गोदियाल ने कड़े शब्दों में कहा कि उत्तराखंड के मुख्यमंत्री केवल दिखावे में विश्वास रखते हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा, “मुख्यमंत्री शोबाजी क्यों ना करें, जब देश के प्रधानमंत्री खुद इसी में व्यस्त हैं।” गोदियाल का कहना है कि सरकार ने यात्रा शुरू होने से पहले दावों के बड़े-बड़े पुल तो बांधे, लेकिन हकीकत में यात्रियों को मूलभूत सुविधाओं के लिए भी तरसना पड़ रहा है।
सड़क मार्ग और पुनर्निर्माण पर उठाए सवाल
कांग्रेस अध्यक्ष ने मुख्यमंत्री के हालिया यात्रा रूट के निरीक्षण को भी ‘औपचारिकता’ करार दिया। उनके मुख्य बिंदु निम्नलिखित रहे:
निरीक्षण का तरीका: गोदियाल ने कहा कि रुद्रप्रयाग से गुप्तकाशी तक सड़क मार्ग से जाना केवल इतिश्री करना है। अगर मुख्यमंत्री गंभीर होते, तो उन्हें उन ‘कठिन पैचेज’ और दुर्गम रास्तों पर जाना चाहिए था, जहां सबसे ज्यादा समस्या है।
अधूरा पुनर्निर्माण: उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले साल आई आपदा के दौरान सड़कों और सुविधाओं को जो नुकसान हुआ था, उसका पुनर्निर्माण अब तक पूरा नहीं हो पाया है। सरकार उन क्षेत्रों की सुध लेने के बजाय अपनी पीठ थपथपाने में लगी है।
’तानाशाही और मुकदमों की राजनीति’
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे अव्यवस्थाओं के वीडियो और उन पर पुलिस की कार्रवाई को लेकर गोदियाल ने सरकार को घेरा। उन्होंने कहा:
डराने की राजनीति: सरकार अपनी विफलता छिपाने के लिए उन लोगों पर मुकदमे दर्ज कर रही है जो यात्रा की जमीनी हकीकत दिखा रहे हैं।
झूठी लहर का सहारा: उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव के समय झूठी लहरें बनाकर जीत हासिल की जाती है, जिसके बाद ऐसी तानाशाही देखने को मिलती है।
राजस्व पर नजर, सुविधाओं पर नहीं!
गणेश गोदियाल ने जिला पंचायत के बजट और कर वसूली को लेकर भी गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि सरकार की नजर केवल इस बात पर है कि पैसा कहां से आए। घोड़े-खच्चरों पर लगने वाले टैक्स और जिला पंचायत की बचत को भी सरकार ने खर्च कर दिया, लेकिन श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए कोई ठोस काम नहीं किया गया।
श्रद्धालुओं को सलाह: “हमारा उद्देश्य यात्रियों को डराना नहीं है, लेकिन जो श्रद्धालु चारधाम आना चाहते हैं, वे पर्याप्त समय और पूरी तैयारी के साथ ही आएं, क्योंकि रास्तों पर भारी पैनिक और अव्यवस्था का माहौल है।” — गणेश गोदियाल, प्रदेश अध्यक्ष, कांग्रेस
सरकार का रुख
वहीं दूसरी ओर, सत्ता पक्ष ने इन आरोपों को निराधार बताया है। सरकार का दावा है कि यात्रा सुचारू रूप से चल रही है और रिकॉर्ड तोड़ संख्या में पहुंच रहे श्रद्धालुओं के लिए हर संभव प्रबंध किए गए हैं। बहरहाल, यात्रा के शुरुआती दिनों में ही शुरू हुआ यह राजनीतिक घमासान अब और तेज होने के आसार हैं।
ब्यूरो रिपोर्ट, राज्य ब्यूरो (उत्तराखंड)
