करोड़ों की सैलरी या सिर्फ अफवाह? शाहरुख खान के एक्स-बॉडीगार्ड ने खोला बॉलीवुड का ‘सीक्रेट’
करोड़ों की सैलरी या सिर्फ अफवाह? शाहरुख खान के एक्स-बॉडीगार्ड ने खोला बॉलीवुड का ‘सीक्रेट’
मुंबई: बॉलीवुड सितारों की लग्जरी लाइफस्टाइल के बीच उनके साथ साए की तरह रहने वाले बॉडीगार्ड्स को लेकर अक्सर सोशल मीडिया पर कई तरह के दावे किए जाते हैं। चर्चा रहती है कि इन बॉडीगार्ड्स की सैलरी करोड़ों में होती है। लेकिन अब शाहरुख खान के पूर्व बॉडीगार्ड यासीन खान ने इन दावों की हवा निकाल दी है और इंडस्ट्री का असली सच सामने रखा है।
1. करोड़ों की सैलरी का सच: दावों में कितनी सच्चाई?
यासीन खान के अनुसार, इंटरनेट पर यह खबर अक्सर वायरल होती है कि टॉप स्टार्स के बॉडीगार्ड्स साल के 2 से 2.5 करोड़ रुपये कमाते हैं। यासीन ने इसे पूरी तरह से खारिज करते हुए कहा कि ये आंकड़े बेहद बढ़ा-चढ़ाकर पेश किए जाते हैं। असलियत में बॉडीगार्ड्स को एक फिक्स्ड सैलरी मिलती है, जो सम्मानजनक तो होती है, लेकिन करोड़ों में बिल्कुल नहीं होती।
2. काम के आधार पर बदलता है ‘पेमेंट स्ट्रक्चर’
रिपोर्ट के मुताबिक, अब बॉडीगार्ड्स की कमाई केवल मंथली फिक्स सैलरी पर निर्भर नहीं करती:
प्रोजेक्ट बेस कॉन्ट्रैक्ट: अब कई बॉडीगार्ड्स किसी विशेष फिल्म या किसी खास प्रोजेक्ट (जैसे आउटडोर शूट या वर्ल्ड टूर) के हिसाब से कॉन्ट्रैक्ट करते हैं।
बदलता सिस्टम: पहले सैलरी का सिस्टम बहुत ही साधारण था, लेकिन अब इंडस्ट्री में प्रोफेशनल कॉन्ट्रैक्ट्स का चलन बढ़ा है, जिससे पेमेंट स्ट्रक्चर में काम के हिसाब से उतार-चढ़ाव आता रहता है।
3. ‘8-10 लाख महीना’ भी हर किसी की किस्मत में नहीं
अक्सर मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया जाता है कि बड़े सितारों के बॉडीगार्ड हर महीने 8 से 10 लाख रुपये कमाते हैं। यासीन ने स्पष्ट किया कि:
यह रकम सुनने में बहुत आकर्षक लगती है, लेकिन हर बॉडीगार्ड पर लागू नहीं होती। * बहुत ही कम और बेहद अनुभवी सुरक्षाकर्मी इस स्तर तक पहुँच पाते हैं, आम तौर पर यह आंकड़ा काफी कम होता है।
4. स्टाफ से ‘सेलिब्रिटी बॉडीगार्ड’ तक का सफर
यासीन खान ने इंडस्ट्री के बदलते व्यवहार पर भी बात की:
पहचान का संकट: एक वक्त था जब बॉडीगार्ड्स को घरेलू स्टाफ या आम सिक्योरिटी की तरह ही ट्रीट किया जाता था। उन्हें कोई अलग पहचान नहीं मिलती थी।
शाहरुख खान के साथ बदलाव: यासीन का कहना है कि जब उन्होंने शाहरुख खान के साथ काम करना शुरू किया, तब धीरे-धीरे लोगों का नजरिया बदला। आज बॉडीगार्ड्स को उनके काम के लिए सम्मान और अलग पहचान दोनों मिल रहे हैं।
निष्कर्ष
बॉलीवुड बॉडीगार्ड्स की जिंदगी बाहर से जितनी ग्लैमरस और ‘करोड़ों वाली’ दिखती है, हकीकत में वह कड़ी मेहनत और जोखिम से भरी है। यासीन खान के खुलासे ने यह साफ कर दिया है कि वायरल खबरों की चमक और असल बैंक बैलेंस में जमीन-आसमान का फर्क होता है।
यासीन खान की सलाह: “हकीकत जमीन पर रहकर देखी जाती है, वायरल हेडलाइंस में नहीं।”
