राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने राफेल से भरी उड़ान, एयरफोर्स जवानों ने दिया गार्ड ऑफ ऑनर
भारत की पहली आदिवासी महिला राष्ट्रपति और सशस्त्र बलों की सर्वोच्च कमांडर द्रौपदी मुर्मू ने आज इतिहास रच दिया। हरियाणा के अंबाला एयरफोर्स स्टेशन से उन्होंने फ्रांस निर्मित अत्याधुनिक राफेल लड़ाकू विमान में 30-35 मिनट की ऐतिहासिक उड़ान भरी। यह पहली बार है जब किसी राष्ट्रपति ने राफेल में उड़ान भरी।
राष्ट्रपति फ्लाइट सूट पहनकर राफेल के कॉकपिट में सवार हुईं। ग्रुप कैप्टन अमित गहनी ने विमान उड़ाया, जबकि एयर चीफ मार्शल अमर प्रीत सिंह दूसरे राफेल में साथ उड़े। टेकऑफ से पहले हाथ हिलाकर जवानों को अभिवादन किया।
गार्ड ऑफ ऑनर और संदेश: एयरबेस पहुंचने पर एयर चीफ मार्शल एपी सिंह ने स्वागत किया। गार्ड ऑफ ऑनर के बाद राफेल की क्षमताओं पर ब्रिफिंग ली। विजिटर्स बुक में लिखा, “राफेल उड़ान अविस्मरणीय अनुभव। इससे देश की रक्षा क्षमता पर गर्व बढ़ा। IAF को बधाई!”
नारी शक्ति का प्रतीक: 2023 में सुखोई-30 MKI उड़ाने वाली पहली राष्ट्रपति। अब दो फाइटर जेट्स की उपलब्धि। स्क्वाड्रन लीडर शिवांगी सिंह (राफेल पायलट) से मुलाकात, जिन्हें पाकिस्तान ने झूठा कैद बताकर प्रोपगेंडा किया था।
राफेल की ताकत: 2020 में अंबाला में शामिल। ‘ऑपरेशन सिंदूर’ में आतंकी ठिकानों पर हमलों में अहम। 17 स्क्वाड्रन ‘गोल्डन एरोज’ का आधार।
यह उड़ान **नारी शक्ति, आत्मनिर्भर भारत** का प्रतीक। पूरा देश गर्व से झूम उठा!
