बिहार चुनावी रण में एंट्री: राहुल गांधी कल मुजफ्फरपुर और दरभंगा में तेजस्वी संग प्रचार, INDIA गठबंधन को मिलेगा बूस्ट
बिहार चुनावी रण में एंट्री: राहुल गांधी कल मुजफ्फरपुर और दरभंगा में तेजस्वी संग प्रचार, INDIA गठबंधन को मिलेगा बूस्ट
पटना: बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के लिए कांग्रेस नेता और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी कल (29 अक्टूबर) से राज्य में अपना चुनावी अभियान शुरू करने जा रहे हैं। छठ पूजा के बाद यह उनका पहला दौरा होगा, जहां वे महागठबंधन के मुख्यमंत्री पद के दावेदार तेजस्वी यादव के साथ दो महत्वपूर्ण रैलियां करेंगे। पहली रैली मुजफ्फरपुर जिले के साकरा विधानसभा क्षेत्र में होगी, जो आरक्षित सीट है और जहां कांग्रेस ने 2020 में दूसरे स्थान पर रहने वाले उम्मीदवार उमेश राम को टिकट दिया है। दूसरी रैली दरभंगा जिले में आयोजित होगी, जो INDIA गठबंधन के उम्मीदवारों के समर्थन में होगी। यह संयुक्त सभा महागठबंधन की एकजुटता का प्रतीक बनेगी, क्योंकि NDA ने राहुल की अनुपस्थिति पर लगातार निशाना साधा था।
कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल ने रविवार को पुष्टि की कि राहुल का यह दौरा 29-30 अक्टूबर को होगा, जिसके बाद प्रियंका गांधी वाड्रा और पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे भी बिहार पहुंचेंगे। राहुल ने अगस्त में ‘वोटर अधिकार यात्रा’ के जरिए बिहार में जमीनी स्तर पर काम किया था, लेकिन छठ के बाद यह उनका फुल-थ्रॉटल कैंपेन होगा। पार्टी ने पहले चरण के लिए 40 स्टार कैंपेनर्स की लिस्ट जारी की है, जिसमें राहुल, सोनिया गांधी, खड़गे, अशोक गहलोत और सachin पायलट शामिल हैं। राहुल पटना, गया और दरभंगा जैसे प्रमुख जिलों में रैलियां करेंगे, जहां सामाजिक न्याय और रोजगार पर फोकस होगा।
यह दौरा NDA के आक्रामक कैंपेन के बीच आ रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 30 अक्टूबर को मुजफ्फरपुर और छपरा में दो कार्यक्रम करेंगे, जबकि अमित शाह और अन्य नेता पहले से ही सक्रिय हैं। महागठबंधन ने 28 अक्टूबर को अपना घोषणा पत्र जारी किया, जिसमें सरकारी नौकरियां, मुफ्त बिजली, OPS बहाली और टॉडी प्रतिबंध हटाने जैसे वादे हैं।तेजस्वी ने कहा कि राहुल का साथ मिलने से गठबंधन मजबूत होगा।
राहुल की अनुपस्थिति पर NDA ने ‘कांग्रेस की बिहार से दूरी’ का आरोप लगाया था, लेकिन अब यह दौरा विपक्ष को नई ऊर्जा देगा। 6 और 11 नवंबर को दो चरणों में मतदान होगा। विशेषज्ञों का मानना है कि राहुल का फोकस युवाओं और महिलाओं पर होगा, जो बिहार की सियासत का टर्निंग पॉइंट साबित हो सकता है। कुल मिलाकर, कल से बिहार का चुनावी मैदान और गरमाने वाला है।
