चमत्कार देखना है तो उत्तरकाशी पहुंचिए, ट्रिपल इंजन सरकार पर हरीश रावत का तंज
चमत्कार देखना है तो उत्तरकाशी पहुंचिए, ट्रिपल इंजन सरकार पर हरीश रावत का तंज
देहरादून: पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने उत्तराखंड सरकार पर तीखा प्रहार करते हुए कहा है कि “ट्रिपल इंजन का चमत्कार देखना है तो उत्तरकाशी पहुंचिए।” रावत ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो पोस्ट कर राज्य की सड़क व्यवस्था और आपदा प्रबंधन पर सवाल उठाए। उन्होंने धराली और धरासू क्षेत्र में भारी बारिश के बाद सड़कों पर पड़े विशाल बोल्डरों और मलबे का जिक्र करते हुए ट्रिपल इंजन सरकार (केंद्र, राज्य और स्थानीय स्तर पर BJP की सरकार) की विफलता का आरोप लगाया। रावत ने BRO (बॉर्डर रोड्स ऑर्गनाइजेशन) पर भी निशाना साधा, जो इन मार्गों की देखरेख करता है।
रावत ने बताया कि वे जनपद उत्तरकाशी के धराली आपदा प्रभावित क्षेत्र का दौरा करने के लिए उत्तरकाशी से निकले थे। सुबह धराली की ओर बढ़े तो रास्ते में पूरी सड़क पर बड़े-बड़े विशाल बोल्डर और मलबा बिखरा पड़ा था। रोड खुलने की कोई संभावना न देखकर उन्होंने वापस देहरादून लौटने का फैसला किया। चिन्यालीसौड़ और धरासू के बीच रोड में तीन जगह बड़े बोल्डर पड़े होने के कारण उन्हें JCB का इंतजार करना पड़ा। उन्होंने कहा, “पांच बजने जा रहे हैं और अब भी एक-डेढ़ घंटे तक रोड खुलने की संभावना नहीं है। धरासू में मार्ग इसलिए नहीं खुल पा रहा क्योंकि JCB उपलब्ध नहीं थी। BRO जो इसकी देखरेख करता है, वो क्या कर रहा है? उनके अधिकारी आधे-आधे घंटे में खोलने का दावा कर रहे हैं, लेकिन उनके पास JCB ही नहीं है। एक बच्चा JCB भेज दिया तो उससे वो विशाल बोल्डर हटने का सवाल ही नहीं।”
रावत ने आगे कहा कि जब ऐसे प्रमुख यात्रा मार्गों में यह स्थिति है, तो बाकी जगहों पर क्या हाल होगा? उन्होंने व्यंग्य भरे लहजे में कहा, “ट्रिपल इंजन की सरकार में यदि ऐसे नजारे देखने हैं तो उत्तरकाशी आईए और ट्रिपल इंजन जिंदाबाद का नारा लगाइए।” इसके अलावा, रावत ने धराली से भटवाड़ी तक मार्ग अवरूद्ध होने की वजह से भटवाड़ी भी न पहुंच पाने का जिक्र किया। भारी मलबे के कारण आगे जाने का कोई रास्ता नहीं था। इस दौरान उन्होंने पुलिसकर्मियों, BRO के लोगों और कर्मचारियों से बातचीत की और उनका हौसला बढ़ाया।
यह बयान हाल ही में उत्तराखंड में भारी बारिश और भूस्खलन से हुई तबाही के बीच आया है। IMD ने राज्य के कई जिलों के लिए रेड अलर्ट जारी किया था, जिसके कारण सैकड़ों सड़कें बंद हो गईं और कई जगहों पर जानमाल का नुकसान हुआ। कांग्रेस नेता रावत की यह टिप्पणी BJP सरकार पर राजनीतिक हमला मानी जा रही है, खासकर विधानसभा चुनावों से पहले। विपक्ष ने इसे आपदा प्रबंधन की पोल खोलने वाला बताया, जबकि BJP ने रावत के बयान को “नकारात्मक राजनीति” करार दिया। पूर्व CM ने आपदा प्रभावितों के लिए तत्काल राहत की मांग की है।
