उत्तराखंड

देहरादून रोड निर्माण विवाद: नंदा की चौकी के बाद मालदेवता-सोंग बांध रोड की जांच शुरू, BJP नेता के कनेक्शन पर घिरी सरकार

देहरादून रोड निर्माण विवाद: नंदा की चौकी के बाद मालदेवता-सोंग बांध रोड की जांच शुरू, BJP नेता के कनेक्शन पर घिरी सरकार

​देहरादून: राजधानी देहरादून में नंदा की चौकी पुल की एप्रोच रोड ढहने के बाद अब मालदेवता-सोंग बांध रोड के निर्माण में हुई अनियमितताओं को लेकर विवाद गहरा गया है। दोनों ही प्रमुख निर्माण कार्यों में उत्तराखंड भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष रुची भट्ट और उनके परिवार की साझेदारी सामने आने के बाद विपक्ष सरकार पर हमलावर है।

​1. क्या है पूरा मामला?

​नंदा की चौकी पुल एप्रोच रोड: 28 जुलाई को 16 करोड़ रुपये की लागत से बने इस पुल की एप्रोच रोड उद्घाटन के महज 16 दिन बाद ही तेज बारिश में बह गई थी।

​मालदेवता-सोंग बांध रोड: 29 जुलाई को एक साल से भी कम समय पहले बनी मालदेवता से सोंग बांध के बीच की सड़क पहली ही बारिश में बड़े-बड़े गड्ढों में तब्दील हो गई।

​2. BJP नेता के परिवार का कनेक्शन

​जांच और मीडिया रिपोर्ट्स में सामने आया है कि दोनों निर्माण कार्यों को अंजाम देने वाली कंपनियों में भाजपा नेता का सीधा जुड़ाव है:

​Himalaya Construction (नंदा की चौकी पुल): इसमें बीजेपी महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष रुची भट्ट की 25% हिस्सेदारी है।

​Doon Associate (मालदेवता-सोंग बांध रोड): इस कंपनी में रुची भट्ट के पति अरविंद कुमार भट्ट की 50% हिस्सेदारी है।

​3. अब तक की कार्रवाई और जारी जांच

​नंदा की चौकी मामला (PWD): जांच रिपोर्ट आने के बाद शासन ने लोक निर्माण विभाग (PWD) के 3 इंजीनियरों को निलंबित कर दिया है और संबंधित ठेकेदार के लाइसेंस पर रोक (ब्लैकलिस्ट/बैन) लगा दी है।

​मालदेवता-सोंग बांध रोड (सिंचाई विभाग): सिंचाई विभाग के प्रमुख सचिव मीनाक्षी सुंदरम के अनुसार, विभाग की पीआईयू यूनिट द्वारा बनाई गई इस सड़क की जांच रिपोर्ट 1-2 दिनों में आ जाएगी। रिपोर्ट के आधार पर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई होगी।

​4. सरकार का रुख

​मामले में राजनीतिक तूल पकड़ने के बाद कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने स्पष्ट किया है कि:

​”किसी भी ठेके में किसी भी राजनीतिक दल से जुड़ा व्यक्ति शामिल हो, अगर काम में अनियमितता पाई जाती है तो सरकार कार्रवाई करने से पीछे नहीं हटेगी। नंदा की चौकी मामले में कड़ा संदेश दिया गया है और मालदेवता मामले में भी जांच के बाद कार्रवाई तय है।”

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *