सेमीफाइनल शेड्यूल पर सवाल उठाने वाली केट क्रॉस को मिलीं जान से मारने की धमकियां, पॉडकास्ट में किया खुलासा
सेमीफाइनल शेड्यूल पर सवाल उठाने वाली केट क्रॉस को मिलीं जान से मारने की धमकियां, पॉडकास्ट में किया खुलासा
आईसीसी वूमेन्स टी20 वर्ल्ड कप 2026 के सेमीफाइनल शेड्यूल पर अपनी राय रखना इंग्लैंड की पूर्व महिला क्रिकेटर केट क्रॉस (Kate Cross) को भारी पड़ गया है। शेड्यूल पर सवाल उठाने के बाद उन्हें सोशल मीडिया पर जान से मारने की धमकियां और बेहद अभद्र संदेश मिल रहे हैं। केट क्रॉस ने इस पर दुख जताते हुए कहा कि उन्होंने केवल टूर्नामेंट के कार्यक्रम को लेकर एक निष्पक्ष राय रखी थी, लेकिन उनकी बात को गलत तरीके से पेश कर उन्हें निशाना बनाया जा रहा है।
पॉडकास्ट ‘नो बॉल्स’ में किया बड़ा खुलासा
केट क्रॉस ने अपनी साथी और पूर्व क्रिकेटर एलेक्स हार्टली के साथ अपने लोकप्रिय पॉडकास्ट ‘नो बॉल्स: द क्रिकेट पॉडकास्ट’ में इस पूरे हैरान करने वाले मामले का खुलासा किया।
अचानक बढ़े कमेंट्स: क्रॉस ने बताया, “जब मैंने सुबह उठकर अपना इंस्टाग्राम देखा, तो मेरे एक पोस्ट पर करीब 450 कमेंट्स थे, जबकि आमतौर पर केवल 30 के आसपास ही प्रतिक्रियाएं आती हैं।”
भाषा की मर्यादा भूली भीड़: हार्टली ने भी पुष्टि की कि उन दोनों को सोशल मीडिया पर लगातार धमकियां और बेहद आपत्तिजनक संदेश भेजे जा रहे हैं।
क्या था सेमीफाइनल शेड्यूल का पूरा विवाद?
यह पूरा विवाद टी20 वर्ल्ड कप 2026 के नॉकआउट स्टेज के नियमों को लेकर शुरू हुआ था।
विशेष प्रावधान पर आपत्ति: टूर्नामेंट के नियमों के अनुसार, यदि भारतीय टीम सेमीफाइनल में पहुंचती, तो वह हर हाल में 30 जून को पहला सेमीफाइनल खेलती। जबकि सामान्य नियमों के तहत ग्रुप ए की शीर्ष टीम का मुकाबला ग्रुप बी की दूसरे स्थान वाली टीम से 2 जुलाई को होना तय था।
इसी विशेष नियम पर केट क्रॉस और एलेक्स हार्टली ने सवाल उठाए थे कि किसी एक टीम के लिए शेड्यूल में पहले से ऐसा बदलाव क्यों रखा गया।
आईसीसी (ICC) ने दी सफाई
मामला बढ़ने के बाद एलेक्स हार्टली ने इस संबंध में सीधे अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) से संपर्क किया। आईसीसी ने स्थिति स्पष्ट करते हुए बताया कि:
”यह व्यवस्था किसी एक टीम या विशेष रूप से भारत को फायदा पहुंचाने के लिए नहीं की गई थी। सेमीफाइनल के समय और तारीखों का निर्धारण ब्रिटेन (UK) और दुनियाभर के क्रिकेट फैंस की अधिकतम संख्या (व्युअरशिप) को ध्यान में रखते हुए ब्रॉडकास्टर्स के लिए किया गया था।”
ट्रोलर्स को केट क्रॉस का करारा जवाब
आईसीसी की सफाई के बाद केट क्रॉस ने भी माना कि अब स्थिति पूरी तरह साफ हो चुकी है। ट्रोलर्स को आड़े हाथों लेते हुए उन्होंने कहा:
सोशल मीडिया पर किसी मुद्दे पर असहमति होना स्वाभाविक है, लेकिन लोगों को अपनी भाषा और व्यवहार में संयम रखना चाहिए।
उनका उद्देश्य कभी भी भारत या भारतीय क्रिकेट टीम की आलोचना करना नहीं था। उनका मानना सिर्फ इतना था कि बड़े टूर्नामेंट्स का शेड्यूल निष्पक्ष होना चाहिए।
क्रॉस ने अंत में फैंस से अपील की कि किसी भी बयान को तोड़-मरोड़ कर पेश करने के बजाय वास्तविक शब्दों पर ध्यान दिया जाए, ताकि ऐसे अनावश्यक विवाद और धमकियों की नौबत न आए।
