Uber-Ola को कड़ी चुनौती! 5 जून से शुरू होगी वियतनाम की ‘Green SM’ इलेक्ट्रिक कैब सर्विस
Uber-Ola को कड़ी चुनौती! 5 जून से शुरू होगी वियतनाम की ‘Green SM’ इलेक्ट्रिक कैब सर्विस
भारतीय राइड-हेलिंग (कैब बुकिंग) मार्केट में ओला (Ola) और उबर (Uber) के दबदबे को खत्म करने के लिए एक और बड़ा वैश्विक खिलाड़ी एंट्री करने जा रहा है। वियतनाम के प्रसिद्ध विनग्रुप (Vingroup) की इलेक्ट्रिक मोबिलिटी शाखा ‘ग्रीन एसएम’ (Green SM या GSM) 5 जून 2026 से भारत में अपनी कमर्शियल कैब सेवाओं की शुरुआत करने जा रही है।
कंपनी अपनी इस प्रीमियम और पर्यावरण अनुकूल इलेक्ट्रिक कैब सर्विस को सबसे पहले देश की राजधानी दिल्ली-एनसीआर (Delhi-NCR) क्षेत्र में लॉन्च करेगी, जिसके बाद इसका विस्तार अन्य बड़े महानगरों में किया जाएगा।
क्या है Green SM और इसका बिजनेस मॉडल?
’ग्रीन एसएम’ वियतनाम के सबसे बड़े कॉर्पोरेट घराने विनग्रुप का हिस्सा है, जिसके अंतर्गत मशहूर इलेक्ट्रिक कार निर्माता कंपनी विनफास्ट (VinFast) भी आती है। पारंपरिक कैब कंपनियों (जैसे उबर और ओला) के विपरीत, ग्रीन एसएम का बिजनेस मॉडल पूरी तरह अलग है:
कंपनी के स्वामित्व वाले वाहन: यह एक फ्लीट-ओन्ड (Fleet-owned) मॉडल पर काम करती है, जिसका मतलब है कि सभी कारें कंपनी की होंगी।
बेहतर सर्विस और मेंटेनेंस: गाड़ियों का रखरखाव, चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर और सर्विस स्टैंडर्ड सीधे कंपनी द्वारा मैनेज किए जाएंगे। इससे ड्राइवरों द्वारा राइड कैंसिल करने या खराब गाड़ियों जैसी समस्याओं से ग्राहकों को निजात मिलेगी।
इलेक्ट्रिक कारों का इस्तेमाल: इस सर्विस में केवल पूरी तरह से इलेक्ट्रिक (EV) कारों का ही इस्तेमाल किया जाएगा, जिससे प्रदूषण कम करने में मदद मिलेगी।
भारतीय बाजार पर असर
हाल ही में भारत में कुछ बड़े बदलाव देखे गए हैं, और अब ग्रीन एसएम की एंट्री से मुकाबला बेहद दिलचस्प होने वाला है। दिल्ली की सड़कों पर इस सर्विस के लिए इस्तेमाल होने वाली इलेक्ट्रिक कारों की टेस्टिंग पहले ही देखी जा चुकी है।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस कदम से विनग्रुप न केवल ओला-उबर को सीधी टक्कर देगा, बल्कि भारतीय ग्राहकों को अपनी इलेक्ट्रिक कारों के परफॉर्मेंस का सीधा अनुभव भी करा सकेगा, जिससे भविष्य में उसकी कारों की निजी बिक्री को भी रफ्तार मिलेगी।
5 जून से शुरू हो रही इस सर्विस के बाद दिल्ली-एनसीआर के यात्रियों को किराए में प्रतिस्पर्धा और नो-कैंसिलेशन जैसी बेहतर सुविधाओं का लाभ मिलने की उम्मीद है।
