भारत के खिलाफ बड़ी साजिश! लश्कर-जैश के टॉप कमांडरों की बहावलपुर में ‘सीक्रेट मीटिंग’, हाई अलर्ट पर सुरक्षा एजेंसियां
भारत के खिलाफ बड़ी साजिश! लश्कर-जैश के टॉप कमांडरों की बहावलपुर में ‘सीक्रेट मीटिंग’, हाई अलर्ट पर सुरक्षा एजेंसियां
इस्लामाबाद/नई दिल्ली। पाकिस्तान स्थित प्रतिबंधित आतंकी संगठनों लश्कर-ए-तैयबा (LeT) और जैश-ए-मोहम्मद (JeM) के शीर्ष कमांडरों की बहावलपुर में गुप्त बैठक की खुफिया जानकारी मिलने के बाद भारतीय सुरक्षा एजेंसियां हाई अलर्ट पर हैं। सूत्रों के मुताबिक, LeT के डिप्टी चीफ सैफुल्लाह कसूरी ने JeM चीफ मसूद अजहर से मुलाकात की, जहां भारत के खिलाफ बड़े हमलों की योजना पर चर्चा हुई। यह बैठक 4-5 दिसंबर को JeM के गढ़ बहावलपुर में हुई, और इसमें महिला जिहादियों की भर्ती समेत नए प्लॉट्स पर फोकस रहा।
खुफिया रिपोर्ट्स बताती हैं कि सैफुल्लाह कसूरी ने बहावलपुर का दौरा किया, जो JeM का मुख्यालय है। यह उनकी नियमित यात्राओं का हिस्सा है, जहां दोनों संगठन संयुक्त ऑपरेशंस की रणनीति बना रहे हैं। बैठक में कथित तौर पर ‘ऑपरेशन सिंदूर’ (मई 2025 में भारत की स्ट्राइक्स) के बाद हुए नुकसान पर चर्चा हुई, जिसमें JeM के कई कैंप तबाह हो गए थे। सूत्रों ने कहा कि LeT को अब भारत पर हमलों की मुख्य जिम्मेदारी सौंपी गई है, जबकि JeM को बैकसीट पर धकेल दिया गया। LeT चीफ हाफिज सईद को महिलाओं के विंग को रिवाइव करने और बांग्लादेश-LOC पर लॉन्चपैड सेटअप करने का निर्देश मिला।
भारतीय खुफिया एजेंसियों (RAW, IB) ने इस मीटिंग को ‘क्रॉस-बॉर्डर टेरर’ का नया चैप्टर बताया। एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, “यह पाकिस्तानी आर्मी और ISI की साजिश है। हम जम्मू-कश्मीर, पंजाब और पूर्वोत्तर सीमाओं पर सतर्क हैं। ड्रोन और UAV के इस्तेमाल पर नजर है।” हाल ही में भारत-US JWG मीटिंग में दोनों देशों ने LeT-JeM के खिलाफ UN सैंक्शंस को और सख्त करने की बात की।
यह बैठक ऑपरेशन सिंदूर के बाद आई, जिसमें भारत ने बहावलपुर के JeM कैंप्स पर मिसाइल स्ट्राइक्स कीं। JeM कमांडर मसूद इलियास कश्मीरी ने सितंबर में कबूल किया कि स्ट्राइक्स से अजहर के परिवार के सदस्य मारे गए। पाकिस्तान ने इसे नकारा, लेकिन खुफिया इनपुट्स से साफ है कि दोनों ग्रुप्स रिकंस्ट्रक्शन पर जुटे हैं। LeT-JeM का गठजोड़ पहले भी 2001 संसद हमले और 2019 पुलवामा अटैक में नजर आया था।
जानकारों का मानना है कि यह मीटिंग पंजाब और कश्मीर में बड़े हमलों का संकेत है। सरकार ने सीमावर्ती इलाकों में सिक्योरिटी बढ़ा दी है। विदेश मंत्रालय ने पाकिस्तान को चेतावनी दी कि क्रॉस-बॉर्डर टेरर बर्दाश्त नहीं। फिलहाल, मीटिंग के बाद कसूरी लाहौर लौट चुके हैं, लेकिन निगरानी जारी है।
