राष्ट्रीय

शहीदी दिवस पर पीएम मोदी का जोशीला संदेश: ‘भारत न डरता है, न रुकता है’, गुरु तेग बहादुर के 350वें बलिदान दिवस पर जारी किया खास सिक्का और डाक टिकट

शहीदी दिवस पर पीएम मोदी का जोशीला संदेश: ‘भारत न डरता है, न रुकता है’, गुरु तेग बहादुर के 350वें बलिदान दिवस पर जारी किया खास सिक्का और डाक टिकट

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज कुरुक्षेत्र में गुरु तेग बहादुर जी के 350वें शहीदी दिवस के अवसर पर एक विशेष कार्यक्रम में भाग लिया। कार्यक्रम में उन्होंने गुरु जी के जीवन आदर्शों को याद करते हुए कहा, “भारत न डरता है, न रुकता है। सदियों के घाव भर रहे हैं।” इस मौके पर पीएम ने गुरु तेग बहादुर जी के सम्मान में एक विशेष सिक्का और स्मारक डाक टिकट जारी किया। कार्यक्रम में सांस्कृतिक प्रदर्शन, रेत चित्रकला (सैंड आर्ट) और भजन-कीर्तन ने वातावरण को भक्तिमय बना दिया।

शहीदी दिवस कार्यक्रम: गुरु तेग बहादुर के बलिदान की याद

गुरु तेग बहादुर जी, सिख धर्म के नौवें गुरु, को 1675 में औरंगजेब के अत्याचारों के खिलाफ कश्मीरी पंडितों की रक्षा के लिए अपना बलिदान देना पड़ा था। केंद्र सरकार ने उनके 350वें शहीदी दिवस को वर्ष भर मनाने का फैसला किया है। आज का कार्यक्रम कुरुक्षेत्र के ब्रह्म सरोवर के किनारे आयोजित हुआ, जहां पीएम ने सैंड आर्ट प्रदर्शन देखा, जिसमें गुरु जी के जीवन की घटनाओं को चित्रित किया गया।

पीएम मोदी ने संबोधन में कहा, “गुरु तेग बहादुर जी ने सत्य, न्याय और धार्मिक स्वतंत्रता की रक्षा के लिए अपना जीवन समर्पित किया। वे मानते थे कि धार्मिक स्वतंत्रता ही उनका धर्म है। आज का भारत उसी सिद्धांत पर चल रहा है।” उन्होंने गुरु जी के जीवन से प्रेरणा लेने की अपील की और कहा कि भारत की प्रगति में ऐसी वीरता और त्याग की भावना जरूरी है।

विशेष सिक्का और डाक टिकट जारी: स्मृति का प्रतीक

कार्यक्रम की मुख्य आकर्षण था गुरु तेग बहादुर जी के सम्मान में जारी विशेष सिक्का और स्मारक डाक टिकट। पीएम मोदी ने हाथों से सिक्का और टिकट जारी किया, जो गुरु जी की छवि, शहीदी दिवस का उल्लेख और भारतीय संस्कृति के प्रतीकों से सजे हैं। सिक्का 10 रुपये का है, जबकि डाक टिकट 5 रुपये का। ये फिलेटली प्रेमियों और सिख समुदाय के लिए विशेष महत्व रखते हैं।

पीएम ने कहा, “यह सिक्का और टिकट गुरु जी के बलिदान की अमर गाथा को स्मरण कराने का माध्यम हैं। सरकार ने वर्ष भर के कार्यक्रमों में इन्हें शामिल किया है।”

पंचजन्य स्मारक का उद्घाटन: भगवान कृष्ण की शंख की स्मृति

कार्यक्रम से पहले पीएम मोदी ने कुरुक्षेत्र में ‘पंचजन्य’ स्मारक का उद्घाटन किया। यह भगवान कृष्ण की पवित्र शंख ‘पंचजन्य’ को समर्पित है, जो महाभारत युद्ध में उनका प्रतीक था। स्मारक में शंख की आकृति, सांस्कृतिक प्रदर्शनी और जल-प्रदूषण जागरूकता का संदेश है। पीएम ने कहा, “पंचजन्य अधर्म के खिलाफ सत्य की विजय का प्रतीक है। आज का भारत भी इसी भावना से आगे बढ़ रहा है।”

कार्यक्रम का महत्व: धार्मिक स्वतंत्रता और राष्ट्रीय एकता

यह कार्यक्रम कुरुक्षेत्र के अंतरराष्ट्रीय गीता महोत्सव के हिस्से के रूप में आयोजित हुआ। सिख, हिंदू और अन्य समुदायों के हजारों लोग शामिल हुए। पीएम मोदी ने कहा, “गुरु तेग बहादुर जी का बलिदान हमें सिखाता है कि धार्मिक स्वतंत्रता के लिए संघर्ष ही सच्चा धर्म है। भारत आज विश्व पटल पर उसी दृढ़ता से खड़ा है।”

विपक्षी नेता भी शहीदी दिवस पर शोक व्यक्त कर रहे हैं। राहुल गांधी ने ट्वीट किया, “गुरु तेग बहादुर जी के बलिदान को नमन।” यह कार्यक्रम राष्ट्रीय एकता और धार्मिक सद्भाव का प्रतीक बन गया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *