चिराग पासवान ने खोला राज: ’29 सीटें संयोग नहीं, पिताजी की विरासत से बनी नई M-Y समीकरण’
चिराग पासवान ने खोला राज: ’29 सीटें संयोग नहीं, पिताजी की विरासत से बनी नई M-Y समीकरण’
पटना: बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में एनडीए के सीट बंटवारे पर लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के प्रमुख चिराग पासवान ने कहा कि उन्हें 29 सीटें मिलना “संयोग नहीं” है, बल्कि उनके पिता रामविलास पासवान की राजनीतिक विरासत का नतीजा है। चिराग ने एक साक्षात्कार में ‘M-Y’ (मुस्लिम-यादव) समीकरण की नई परिभाषा समझाई, जो महागठबंधन का पारंपरिक वोट बैंक माना जाता है। उन्होंने कहा, “पिताजी ने दलितों और पिछड़ों को एकजुट किया, अब मैं M-Y को NDA की ओर मोड़ रहा हूं। यह नया समीकरण बिहार की राजनीति बदल देगा।”
चिराग ने ANI को दिए इंटरव्यू में कहा, “मेरे पिता रामविलास पासवान ने हमेशा कहा था कि राजनीति में संतुलन जरूरी है। 29 सीटें मिलना उनकी दूरदृष्टि का प्रमाण है। 2020 में जब मैंने नीतीश कुमार के खिलाफ विद्रोह किया, तो LJP ने 134 सीटों पर लड़ा और NDA को अप्रत्यक्ष रूप से मजबूत किया। अब 2024 लोकसभा में हमने 5/5 सीटें जीतीं, जिससे NDA को फायदा हुआ।” उन्होंने जोर देकर कहा कि 29 सीटें (जिनमें शाहाबाद क्षेत्र की 7 सीटें शामिल हैं) दलित, पिछड़े और मुस्लिम वोटों को जोड़ने का माध्यम हैं।
‘M-Y’ समीकरण की नई परिभाषा: चिराग का दांव
चिराग ने ‘M-Y’ को NDA का हथियार बनाने की रणनीति बताई। उन्होंने कहा, “पारंपरिक M-Y RJD का वोट बैंक है, लेकिन अब मुस्लिम और यादव युवा विकास की ओर देख रहे हैं। पिताजी ने दलितों को सशक्त बनाया, अब मैं पिछड़ों और अल्पसंख्यकों को जोड़ रहा हूं। शाहाबाद (आराह, बरहरा आदि) जैसे क्षेत्रों में हमारा फोकस है, जहां पिताजी की विरासत मजबूत है।” 2020 में LJP की रणनीति से JD(U) को 43 सीटें मिली थीं, जो चिराग के दावे को मजबूत करती है।
ABP न्यूज को दिए विशेष साक्षात्कार में चिराग ने कहा, “मैं कभी CM की मांग नहीं करूंगा। 100% स्ट्राइक रेट मिले तो भी NDA की नीतियों में योगदान दूंगा।” उन्होंने नीतीश कुमार और जीतन राम मांझी की नाराजगी पर कहा, “NDA हर सहयोगी से अलग बात करता है। यह मेरी छठी नेगोशिएशन है।” LJP(RV) को मिली 29 सीटें NDA के 243 में से 29 हैं, जो BJP (101) और JD(U) (101) के बाद सबसे ज्यादा हैं।
राजनीतिक विश्लेषक राकेश कुमार ने कहा, “चिराग पिताजी की छवि से M-Y को तोड़ने की कोशिश कर रहे हैं। अगर सफल हुए, तो RJD को झटका लगेगा।” महागठबंधन में JMM की बगावत और VIP की नाराजगी के बीच चिराग का यह बयान NDA को मजबूत संदेश देता है। पहले चरण का मतदान 6 नवंबर को। चिराग ने कहा, “बिहार पहले, बिहारी पहले—यह पिताजी का मंत्र है।”
