गाजियाबाद में सीएम योगी का विपक्ष पर तीखा हमला: ‘रामलीला मैदान में लोकतंत्र नहीं, परिवार बचाने एकत्र हुआ था इंडिया ब्लॉक’
गाजियाबाद में सीएम योगी का विपक्ष पर तीखा हमला: ‘रामलीला मैदान में लोकतंत्र नहीं, परिवार बचाने एकत्र हुआ था इंडिया ब्लॉक’
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार को गाजियाबाद में भाजपा के ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ अभियान के तहत आयोजित पदयात्रा को संबोधित किया। अपने संबोधन में सीएम योगी ने इंडिया ब्लॉक, कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर जोरदार हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि 1 नवंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में विपक्षी दल लोकतंत्र बचाने के लिए नहीं, बल्कि अपने परिवारों को बचाने के लिए एकत्र हुए थे।
भाषण की प्रमुख बातें और राजनीतिक हमले:
आपातकाल और 1984 सिख दंगे पर कांग्रेस को घेरा: सीएम योगी ने कहा कि 1975 में देश में आपातकाल लगाने वाली कांग्रेस का आज लोकतंत्र पर उपदेश देना बेहद हास्यास्पद है। उन्होंने 1 नवंबर को रामलीला मैदान में हुई रैली पर सवाल उठाते हुए कहा कि कांग्रेस ने 1984 के सिख विरोधी दंगों के दिन ही जानबूझकर यह आयोजन चुना।
राहुल गांधी पर तंज: कांग्रेस सांसद राहुल गांधी की तुलना गांव के उस असफल छात्र से की, जो बार-बार परीक्षा में फेल होने के बाद अपनी गलती सुधारने के बजाय कॉपियां बदलने का आरोप लगाता है। उन्होंने कहा कि चुनाव हारने पर विपक्षी दल ईवीएम, चुनाव आयोग और संवैधानिक संस्थाओं को दोष देने लगते हैं।
विकास का रिपोर्ट कार्ड (2014 के बाद का भारत): सीएम योगी ने पीएम नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा कि 2014 से पहले देश में आतंकवाद, नक्सलवाद और भ्रष्टाचार का बोलबाला था। आज भारत सुरक्षित है। उन्होंने दिल्ली-मेरठ रैपिड रेल, देश में 23 एम्स, नए आईआईटी/आईआईएम, ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन मेडिकल कॉलेज’, 4 करोड़ गरीब आवास, काशी विश्वनाथ कॉरिडोर और भारत मंडपम का जिक्र किया।
राम मंदिर और किसान हित: अयोध्या में राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा का बहिष्कार करने पर कांग्रेस और सपा को आड़े हाथों लिया। इसके साथ ही उन्होंने पूर्व पीएम चौधरी चरण सिंह को भारत रत्न दिए जाने, पीएम किसान सम्मान निधि और कोरोना काल में मुफ्त स्वदेशी वैक्सीन व राशन वितरण की उपलब्धियां गिनाईं।
सपा और अराजकता पर प्रहार: समाजवादी पार्टी के शासनकाल को याद दिलाते हुए योगी आदित्यनाथ ने आरोप लगाया कि सपा के समय यूपी में दंगे, अराजकता और कर्फ्यू की स्थिति रहती थी।
उन्होंने बताया कि भाजपा के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष नितिन नबीन के आह्वान पर देशभर में 100 स्थानों पर ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ पदयात्राएं आयोजित की जा रही हैं, ताकि विपक्ष की विभाजनकारी राजनीति को बेनकाब किया जा सके।

