मणिपुर में फिर बिगड़े हालात: 5 कुकी युवकों की हत्या के बाद कांगपोकपी में हिंसक झड़पें, NH-2 जाम
मणिपुर में फिर बिगड़े हालात: 5 कुकी युवकों की हत्या के बाद कांगपोकपी में हिंसक झड़पें, NH-2 जाम
मणिपुर में एक बार फिर हिंसा और तनाव का माहौल बन गया है। कांगपोकपी जिले में 28 अक्टूबर से लापता दो कुकी युवकों के शव बरामद होने और नोनी जिले में तीन अन्य युवकों की हत्या के बाद पूरे क्षेत्र में बड़े पैमाने पर हिंसक प्रदर्शन और झड़पें शुरू हो गई हैं।
लापता युवकों के शव मिलते ही भड़की हिंसा
पुलिस, सीआरपीएफ, असम राइफल्स और आरएएफ की संयुक्त टीम ने एनएच-2 (NH-2) के पास सर्च ऑपरेशन चलाकर लापता दो युवकों—पाओगिनलाल हांगसिंग और टिंगिनलुन चोंग्लोई के शव बरामद किए। शव मिलने की खबर फैलते ही कांगपोकपी में भारी भीड़ जमा हो गई। प्रदर्शनकारियों ने एनएच-2 को ब्लॉक कर दिया और सुरक्षा बलों पर पथराव किया, जिसके जवाब में भीड़ को तितर-बितर करने के लिए सुरक्षा बलों को आंसू गैस के गोले दागने पड़े।
शव लेने से इनकार, डिप्टी सीएम के इस्तीफे की मांग
कुकी सिविल सोसाइटी संगठन ‘कमेटी ऑन ट्राइबल यूनिटी’ (CoTU) ने मामले की गंभीरता को देखते हुए 48 घंटे के बंद की घोषणा की है, जिससे पूरे जिले में बाजार और संस्थान पूरी तरह ठप हैं। CoTU ने ऐलान किया है कि जब तक सरकार की ओर से सख्त कार्रवाई नहीं होती और डिप्टी सीएम लोसी दिखो को पद से नहीं हटाया जाता, तब तक वे दोनों शवों को स्वीकार नहीं करेंगे।
नोनी जिले में 3 और युवकों की हत्या
इसी दौरान, नोनी जिले के केकरू नागा गांव में दो हथियारबंद गुटों के बीच हुई गोलीबारी में तीन अन्य कुकी युवकों की मौत हो गई। मृतकों की पहचान चुराचांदपुर निवासी थांगलेंसांग सिंगसन, थांगखोसेई हाओकिप और लामिनसांग किपगेन के रूप में हुई है। कुकी इनपी मणिपुर (KIM) ने इन हत्याओं के लिए NSCN-IM पर आरोप लगाया है, जबकि पुलिस ने हमलावरों की तलाश के लिए पूरे इलाके में तलाशी अभियान शुरू कर दिया है।

