सड़क निरीक्षण से लेकर जनसंवाद तक, CM धामी का गढ़वाल दौरा; ₹36 करोड़ की विकास योजनाओं को मंजूरी
सड़क निरीक्षण से लेकर जनसंवाद तक, CM धामी का गढ़वाल दौरा; ₹36 करोड़ की विकास योजनाओं को मंजूरी
श्रीनगर में दुकान पर पी चाय, देवप्रयाग में शौचालय की सफाई व्यवस्था पर जताई नाराजगी; राष्ट्रीय राजमार्ग के कार्यों का भी लिया जायजा
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विधानसभा सत्र के बाद गैरसैंण (भराड़ीसैंण) से देहरादून लौटते समय गढ़वाल क्षेत्र में विभिन्न स्थानों पर रुककर सड़क निर्माण कार्यों, जनसुविधाओं और विकास परियोजनाओं का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने श्रीनगर में स्थानीय दुकानदार के साथ चाय पी, देवप्रयाग में सार्वजनिक शौचालय की व्यवस्थाएं देखीं और श्रीनगर-देवप्रयाग राष्ट्रीय राजमार्ग पर पहाड़ी के उपचारात्मक कार्यों की प्रगति का जायजा लिया। इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने विभिन्न विकास योजनाओं और निर्माण कार्यों के लिए करीब 36 करोड़ रुपये की वित्तीय स्वीकृतियों को भी मंजूरी दी।
श्रीनगर में स्थानीय दुकान पर पी चाय, ‘लोकल फॉर वोकल’ का संदेश
मुख्यमंत्री धामी सोमवार को जीवीके हेलीपैड से सड़क मार्ग के जरिए देहरादून जा रहे थे। इस दौरान वह श्रीनगर चुंगी के पास मंगल सिंह की चाय की दुकान पर रुके और स्थानीय लोगों के साथ चाय पी। उन्होंने बच्चियों, नागरिकों और अधिकारियों को स्वयं चाय परोसी तथा दुकानदार और स्थानीय लोगों से बातचीत की।
मुख्यमंत्री को अपने बीच सहज रूप से पाकर स्थानीय दुकानदारों और नागरिकों में उत्साह देखने को मिला। उनकी इस पहल को स्थानीय कारोबारियों को प्रोत्साहित करने और ‘लोकल फॉर वोकल’ की भावना को बढ़ावा देने के संदेश के रूप में देखा गया।
राष्ट्रीय राजमार्ग और पहाड़ी के उपचारात्मक कार्यों का निरीक्षण
देहरादून लौटते समय मुख्यमंत्री ने हरिद्वार-बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग की स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने गड्ढामुक्त अभियान के तहत किए जा रहे कार्यों की प्रगति और गुणवत्ता की जानकारी ली।
इसके बाद श्रीनगर-देवप्रयाग राष्ट्रीय राजमार्ग पर पहाड़ी के उपचारात्मक कार्यों का निरीक्षण किया। मौके पर मौजूद इंजीनियरों और श्रमिकों से बातचीत कर उन्होंने निर्माण कार्यों की स्थिति, अब तक हुई प्रगति और आगे की कार्ययोजना के बारे में जानकारी प्राप्त की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सड़कें प्रदेश में आवागमन, पर्यटन और स्थानीय अर्थव्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण हैं। इसलिए सड़क सुरक्षा से जुड़े कार्यों को तकनीकी मानकों के अनुरूप और गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूरा किया जाना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को नियमित निगरानी और समयबद्ध कार्य पूरा करने के निर्देश भी दिए।
देवप्रयाग में शौचालय की सफाई व्यवस्था पर नाराजगी
मुख्यमंत्री ने देवप्रयाग के निकट सड़क किनारे स्थित सुलभ शौचालय का औचक निरीक्षण किया। वहां स्वच्छता व्यवस्था संतोषजनक नहीं मिलने पर उन्होंने नाराजगी जताई और संबंधित अधिशासी अधिकारी को तत्काल सफाई व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि देवप्रयाग धार्मिक, आध्यात्मिक और पर्यटन की दृष्टि से महत्वपूर्ण स्थल है, जहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु, पर्यटक और स्थानीय नागरिक आते-जाते हैं। ऐसे में सार्वजनिक शौचालयों की साफ-सफाई और रखरखाव सुनिश्चित करना संबंधित विभागों की जिम्मेदारी है।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सार्वजनिक स्थलों पर नियमित सफाई, उचित रखरखाव और प्रभावी निगरानी की व्यवस्था की जाए, ताकि यात्रियों को असुविधा का सामना न करना पड़े।
गैरसैंण में विधानसभा सत्र के समापन पर विपक्ष पर साधा निशाना
विधानसभा सत्र के समापन के बाद आयोजित प्रेस वार्ता में मुख्यमंत्री धामी ने गैरसैंण में इस वर्ष दो विधानसभा सत्र आयोजित किए जाने को राज्य सरकार की प्रतिबद्धता का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि सरकार गैरसैंण के विकास और प्रदेश की जनभावनाओं के सम्मान के लिए काम कर रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि विधानसभा लोकतंत्र का महत्वपूर्ण मंच है और जनप्रतिनिधियों को जनता से जुड़े मुद्दों पर गंभीरता से चर्चा करनी चाहिए। उन्होंने विपक्ष से सदन की गरिमा और लोकतांत्रिक मर्यादाओं का सम्मान करने की अपील की। साथ ही कांग्रेस पर आरोप लगाया कि वह जनहित के मुद्दों पर सार्थक चर्चा के बजाय विरोध-प्रदर्शन और राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप को प्राथमिकता दे रही है।
मुख्यमंत्री ने समान नागरिक संहिता, सख्त भू-कानून और शिक्षा सहित विभिन्न क्षेत्रों में किए गए सुधारों का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार वर्ष 2022 में जनता के समक्ष रखे गए दृष्टिपत्र के अनुरूप काम कर रही है और प्रदेश की आवश्यकताओं के अनुसार आगे भी निर्णय लिए जाएंगे।
उत्तराखंड राज्य आंदोलन का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने रामपुर तिराहा कांड को प्रदेश के इतिहास की पीड़ादायक घटना बताया। उन्होंने समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव की टिप्पणियों पर आपत्ति जताते हुए कहा कि राज्य आंदोलन और उत्तराखंड से जुड़े विषयों पर टिप्पणी करते समय प्रदेश की जनभावनाओं का सम्मान किया जाना चाहिए।
मुख्यमंत्री ने राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल के संबंध में की गई राजनीतिक टिप्पणियों पर भी सवाल उठाए और सार्वजनिक जीवन में संवाद की मर्यादा तथा भाषा की शालीनता बनाए रखने की बात कही।
₹36 करोड़ की विकास योजनाओं को मंजूरी
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विभिन्न विकास योजनाओं और निर्माण कार्यों के लिए करीब 36 करोड़ रुपये की वित्तीय स्वीकृतियों को मंजूरी दी। इनमें सड़क निर्माण एवं सुधार, पेयजल, शहरी सड़क रखरखाव, मंदिर सौंदर्यीकरण और पुलिस विभाग के लिए सुरक्षा उपकरणों की खरीद शामिल है।
प्रमुख स्वीकृतियां इस प्रकार हैं:
हरिद्वार: मध्य हरिद्वार क्षेत्र में 5 किलोमीटर सीसी मार्ग निर्माण के लिए 4.21 करोड़ रुपये और ज्वालापुर क्षेत्र में 5 किलोमीटर सीसी मार्ग निर्माण के लिए 4.83 करोड़ रुपये।
नैनीताल: कालाढूंगी विधानसभा क्षेत्र में कोटाबाग विकासखंड के अंतर्गत राज्य मार्ग संख्या 61 के निर्धारित हिस्से के बीएम/एसडीबीसी सुधारीकरण के लिए 5 करोड़ रुपये।
ऊधम सिंह नगर: गदरपुर विधानसभा क्षेत्र में नेतानगर से राधास्वामी सत्संग होते हुए अमरपुर तक सड़क सुधारीकरण और आंतरिक मार्गों पर इंटरलॉकिंग टाइल्स लगाने के लिए 6.14 करोड़ रुपये। श्रीरामपुर से धीमरी ब्लॉक होते हुए चकीमोड़ तक सड़क निर्माण के लिए 5.73 करोड़ रुपये।
देहरादून: मुख्य सड़कों के परफॉर्मेंस बेस्ड मेंटेनेंस कॉन्ट्रैक्ट (PBMC) की निगरानी के लिए डिजिटल डैशबोर्ड, सूचना प्रौद्योगिकी और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित व्यवस्था विकसित करने हेतु 4.63 करोड़ रुपये।
रायपुर, देहरादून: इंदिरा कॉलोनी पेयजल योजना के लिए 3.59 करोड़ रुपये।
पिथौरागढ़: मंदिर कुमौड़ के सौंदर्यीकरण के लिए 96 लाख रुपये।
पुलिस विभाग: कुंभ मेले के दौरान एंटी-सबोटाज जांच के लिए तीन बम सूट खरीदने हेतु 1.53 करोड़ रुपये।
इन योजनाओं का उद्देश्य सड़क संपर्क और रखरखाव को बेहतर बनाना, पेयजल सुविधाओं का विस्तार करना, धार्मिक स्थलों का सौंदर्यीकरण और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करना है।
मलेथा में भाजपा कार्यालय पहुंचकर स्थानीय लोगों से की मुलाकात
देहरादून लौटते समय मुख्यमंत्री कीर्तिनगर के मलेथा स्थित भाजपा कार्यालय भी पहुंचे। यहां उन्होंने पार्टी प्रतिनिधियों और स्थानीय नागरिकों से मुलाकात कर उनका हालचाल जाना। मुख्यमंत्री ने लोगों से सीधे संवाद किया और क्षेत्र के बारे में जानकारी ली।
मुख्यमंत्री के इस दौरे में सड़क सुरक्षा, सार्वजनिक सुविधाओं के रखरखाव, स्थानीय कारोबार को प्रोत्साहन और विकास योजनाओं की प्रगति पर जोर दिखाई दिया। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट संदेश दिया कि आमजन और यात्रियों को सुरक्षित आवागमन के साथ बेहतर जनसुविधाएं उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है।

