यूपी विधानसभा चुनाव 2027: ओवैसी का विपक्ष को खुला ऑफर, भाजपा को रोकने के लिए गठबंधन को तैयार
यूपी विधानसभा चुनाव 2027: ओवैसी का विपक्ष को खुला ऑफर, भाजपा को रोकने के लिए गठबंधन को तैयार
उत्तर प्रदेश में आगामी 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले एआईएमआईएम (AIMIM) प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने राजनीतिक सरगर्मी तेज कर दी है। उन्होंने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) को सत्ता में आने से रोकने के लिए विपक्षी दलों को खुला गठबंधन ऑफर दिया है।
विपक्ष को गठबंधन का खुला ऑफर
ओवैसी ने कहा कि जो भी पार्टी यह सुनिश्चित करना चाहती है कि भाजपा तीसरी बार यूपी की सत्ता में न आए, वह उनकी पार्टी के साथ गठबंधन कर सकती है, और वे इसके लिए पूरी तरह तैयार हैं। हालांकि, उन्होंने स्पष्ट किया कि उनकी पार्टी ने अभी तक सीटों को लेकर कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की है, लेकिन जिला स्तर पर संगठन को मजबूत करने की तैयारियां जोरों पर चल रही हैं।
अखिलेश यादव और मायावती पर बयान
अखिलेश यादव पर पलटवार: सपा प्रमुख अखिलेश यादव के बयानों पर प्रतिक्रिया देते हुए ओवैसी ने कहा कि उन्हें 2014, 2017, 2019 और 2022 में चार बार टारगेट किया गया। उन्होंने दो टूक कहा कि अब वे किसी के दबाव में नहीं आएंगे और यदि कोई कुछ कहेगा, तो उसका जवाब दिया जाएगा।
मायावती के फैसले पर: बसपा सुप्रीमो मायावती द्वारा ईशान आनंद को जिम्मेदारी दिए जाने के सवाल पर ओवैसी ने उनकी सराहना की। उन्होंने कहा कि मायावती देश की बड़ी नेता हैं जिन्होंने बिना किसी पारिवारिक समर्थन के अपने दम पर पूर्ण बहुमत की सरकार बनाई और कई बार मुख्यमंत्री रहीं। यह उनकी पार्टी का अंदरूनी मामला है, जिस पर वही फैसला लेंगी।
कानून-व्यवस्था, यूसीसी और एनआरसी पर सरकार को घेरा
असदुद्दीन ओवैसी ने प्रदेश और केंद्र सरकार की नीतियों पर तीखे सवाल उठाए:
कानून-व्यवस्था और रोजगार: यूपी पुलिस में खाली पड़े लाखों पदों का जिक्र करते हुए उन्होंने सवाल किया कि पिछले 11 सालों से इन्हें क्यों नहीं भरा गया? इसके साथ ही उन्होंने कानपुर में कब्रिस्तान गिराए जाने की घटना का हवाला देते हुए सरकार पर मस्जिदों और कब्रिस्तानों पर कार्रवाई को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए।
समान नागरिक संहिता (UCC): ओवैसी ने कहा कि यूसीसी के नाम पर संविधान के अनुच्छेद 25, 26, 29 और 14 को खत्म नहीं किया जा सकता। उन्होंने सवाल उठाया कि हिंदू मैरिज एक्ट, डिवोर्स एक्ट और सक्सेशन एक्ट को गैर-हिंदुओं पर कैसे लागू किया जा सकता है।
एनआरसी (NRC): केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के बयानों का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि एनआरसी का एकमात्र मकसद करोड़ों लोगों को लाइनों में खड़ा करना है।
