Thursday, November 5, 2026
Latest:
राजनीति

प्रवर्तन निदेशालय (ED) की बड़ी कार्रवाई: वाटिका रियल एस्टेट फ्रॉड मामले में पूर्व मंत्री गोपाल कांडा के ठिकानों पर छापेमारी

प्रवर्तन निदेशालय (ED) की बड़ी कार्रवाई: वाटिका रियल एस्टेट फ्रॉड मामले में पूर्व मंत्री गोपाल कांडा के ठिकानों पर छापेमारी

​प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने गुरुग्राम में हरियाणा के पूर्व मंत्री गोपाल कांडा से जुड़े ठिकानों पर बड़ी कार्रवाई की है। जांच एजेंसी ने मनी लॉन्ड्रिंग और फंड के संदिग्ध डायवर्जन की जांच के तहत उनके घर, फार्महाउस और ऑफिस पर तलाशी अभियान चलाया है। यह पूरी कार्रवाई रियल एस्टेट कंपनी वाटिका लिमिटेड द्वारा किए गए कथित बड़े पैमाने पर वित्तीय फ्रॉड और हेराफेरी से जुड़ी है।

​मामले से जुड़े मुख्य बिंदु:

​निवेशकों से धोखाधड़ी का आरोप: जांच के मुताबिक, वाटिका लिमिटेड ने चार कमर्शियल प्रोजेक्ट्स के नाम पर 661 निवेशकों से लगभग 248.46 करोड़ रुपये जुटाए थे। कंपनी ने निवेशकों को समय पर प्रॉपर्टी का कब्जा, पक्का रिटर्न, लीज रेंटल और सेल डीड देने का वादा किया था, लेकिन आज तक निवेशकों को न तो कब्जा मिला और न ही वादे के मुताबिक कागजी प्रक्रिया पूरी की गई।

​फंड का डायवर्जन और गोपाल कांडा की कंपनियां: ED की अब तक की जांच में यह सामने आया है कि होमबॉयर्स और निवेशकों से ठगी या डायवर्ट किए गए पैसों को बाद में गोपाल कांडा से जुड़ी अलग-अलग कंपनियों में ट्रांसफर किया गया था। इसी ‘फंड ट्रेल’ (पैसे के लेन-देन के रास्ते) का पता लगाने के लिए पीएमएलए (PMLA) की धारा 17 के तहत गुरुग्राम स्थित उनके ठिकानों पर यह छापेमारी की गई है।

​पहले भी हो चुकी है कार्रवाई: यह पहला मौका नहीं है जब गोपाल कांडा केंद्रीय जांच एजेंसी के रडार पर आए हों। इससे पहले अगस्त 2023 में भी ED ने उनकी संपत्तियों और ठिकानों पर लंबी छापेमारी कर दस्तावेजों को खंगाला था।

​फिलहाल, जांच एजेंसी तलाशी के दौरान मिले दस्तावेजों और डिजिटल उपकरणों के आधार पर वित्तीय लेन-देन की बारीकी से जांच कर रही है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *