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दिल्ली हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, AICF को ‘इंडिया’ शब्द हटाने के आदेश से राहत; मान्यता खत्म करने के लिए तय प्रक्रिया जरूरी

दिल्ली हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, AICF को ‘इंडिया’ शब्द हटाने के आदेश से राहत; मान्यता खत्म करने के लिए तय प्रक्रिया जरूरी

नई दिल्ली: दिल्ली हाईकोर्ट की दो न्यायाधीशों वाली खंडपीठ ने ऑल इंडिया कैरम फेडरेशन (AICF) से जुड़े मामले में महत्वपूर्ण फैसला सुनाया है। कोर्ट ने AICF की अपील स्वीकार करते हुए एकल पीठ के 29 अक्टूबर 2025 के आदेश को रद्द कर दिया। उस आदेश में AICF को अपने नाम, लोगो और प्रतियोगिताओं से ‘इंडिया’ या ‘इंडियन’ शब्द हटाने तथा खुद को सरकारी मान्यता प्राप्त ‘भारतीय टीम’ के रूप में पेश नहीं करने का निर्देश दिया गया था।

मुख्य न्यायाधीश देवेंद्र कुमार उपाध्याय और न्यायमूर्ति तेजस कारिया की पीठ ने कहा कि किसी राष्ट्रीय खेल महासंघ (NSF) की मान्यता को निलंबित या वापस लेने के लिए National Sports Development Code of India, 2011 के एनेक्सचर-III में निर्धारित प्रक्रिया का पालन करना जरूरी है।

बिना नोटिस मान्यता खत्म नहीं मानी जा सकती

अदालत ने कहा कि प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों के तहत किसी महासंघ को अपना पक्ष रखने का उचित अवसर दिया जाना चाहिए। केवल वार्षिक मान्यता का नवीनीकरण न होने के आधार पर यह नहीं माना जा सकता कि महासंघ की मान्यता स्वतः समाप्त हो गई।

यह विवाद AICF के वर्ष 2023 में हुए चुनावों के बाद शुरू हुआ था। खेल मंत्रालय ने कथित तौर पर ‘One State One Unit’ नियम के उल्लंघन का मुद्दा उठाया था। इसमें महाराष्ट्र की दो संस्थाओं की भागीदारी को लेकर आपत्ति जताई गई थी। इसके बाद AICF के चुनाव और मान्यता के नवीनीकरण पर रोक से जुड़ा विवाद सामने आया।

2020 का पत्र अंतिम आदेश नहीं था

डिवीजन बेंच ने कहा कि खेल मंत्रालय की ओर से 7 दिसंबर 2020 को भेजा गया पत्र केवल आपत्तियों का रिकॉर्ड था। इसे AICF की मान्यता वापस लेने का अंतिम आदेश नहीं माना जा सकता।

कोर्ट के मुताबिक, निर्धारित कानूनी प्रक्रिया पूरी किए बिना AICF को निष्कासित या अमान्य मानना उचित नहीं था। इसी आधार पर एकल पीठ के उस आदेश को रद्द कर दिया गया, जिसमें AICF के नाम से ‘इंडिया’ शब्द हटाने के निर्देश दिए गए थे।

2026 के नए आदेश की वैधता पर अलग से होगी सुनवाई

हालांकि, हाईकोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया कि इस फैसले का मतलब AICF के 2023 के चुनावों को वैध ठहराना नहीं है। खेल मंत्रालय की ओर से 10 जुलाई 2026 को जारी नए आदेश में 2023 के चुनावों को खारिज किया गया है। इस आदेश की वैधता पर लंबित याचिका W.P.(C) 10610/2026 में स्वतंत्र रूप से विचार किया जाएगा।

अदालत ने यह भी कहा कि भविष्य में AICF को राष्ट्रीय खेल शासन अधिनियम, 2025 (NSG Act) और उसके तहत बनाए गए नियमों का पालन करना होगा।

इस तरह हाईकोर्ट के फैसले से AICF को तत्काल उस पुराने आदेश से राहत मिली है, लेकिन महासंघ के चुनाव और मौजूदा प्रशासनिक स्थिति से जुड़े अन्य कानूनी सवालों पर अभी अदालत में सुनवाई जारी रहेगी।

 

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