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दुनिया का सबसे महंगा डायनासोर कंकाल बिका: टी-रेक्स ‘गस’ ने ₹482 करोड़ में बिककर बनाया वर्ल्ड रिकॉर्ड

दुनिया का सबसे महंगा डायनासोर कंकाल बिका: टी-रेक्स ‘गस’ ने ₹482 करोड़ में बिककर बनाया वर्ल्ड रिकॉर्ड

​न्यूयार्क: न्यूयॉर्क के मशहूर सोथबीज (Sotheby’s) नीलामी हाउस में मंगलवार, 14 जुलाई 2026 को इतिहास रच गया। ‘गस’ (Gus) नाम के एक विशालकाय टायरानोसॉरस रेक्स (T. rex) डायनासोर का कंकाल रिकॉर्ड 50.1 मिलियन डॉलर (लगभग 482 करोड़ रुपये) में नीलाम हुआ है। सात बड़े खरीदारों के बीच 10 मिनट तक चली आक्रामक बोली के बाद यह कंकाल बिका, जो अब तक की नीलामी में खरीदा गया दुनिया का सबसे महंगा डायनासोर फॉसिल (जीवाश्म) बन गया है।

​क्यों खास है टी-रेक्स ‘गस’ का यह कंकाल?

​’गस’ को दुनिया में टी-रेक्स प्रजाति के सबसे सुरक्षित और पूर्ण कंकालों में से एक माना जाता है। इसकी लंबाई करीब 38 फीट (11.6 मीटर) है, जो इसे अब तक खोजे गए सबसे बड़े टी-रेक्स में से एक बनाती है।

​183 जीवाश्म हड्डियां: एक ही डायनासोर की 183 असली जीवाश्म हड्डियों को मिलाकर इस कंकाल को खड़ा किया गया है। यह लगभग 63 प्रतिशत तक पूरा है।

​2021 में हुई थी खोज: इस कंकाल को साल 2021 में अमेरिका के साउथ डकोटा में एक कैटल रैंच (पशु फार्म) से खोजा गया था।

​प्राचीन इतिहास: यह विशालकाय जीव आज से करीब 7.2 से 6.6 करोड़ साल पहले पृथ्वी पर राज करता था, जब धरती का तापमान बेहद गर्म था।

​वैज्ञानिकों के अनुसार, इसकी हड्डियों की हालत से इस जीव के हिंसक जीवन की गहरी जानकारी मिलती है। गस की खोपड़ी के ऊपरी हिस्से पर किसी लड़ाई के दौरान काटने का गहरा निशान है, जबकि उसकी पसलियों की टूटी हुई हड्डियां बाद में प्राकृतिक रूप से जुड़ने के कारण उभरी हुई दिखाई देती हैं।

​अज्ञात खरीदार के हाथ लगा इतिहास; वैज्ञानिकों ने जताई चिंता

​नीलामी से पहले इस कंकाल की अनुमानित कीमत 20 से 30 मिलियन डॉलर आंकी गई थी, लेकिन खरीदारों की होड़ ने इसे 50.1 मिलियन डॉलर के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचा दिया। हालांकि, इसे खरीदने वाले व्यक्ति या संस्था का नाम सार्वजनिक नहीं किया गया है।

​जीवाश्मों के निजी हाथों में जाने के इस बढ़ते ट्रेंड की कुछ पेलियोन्टोलॉजिस्ट (जीवाश्म वैज्ञानिकों) ने कड़ी आलोचना की है। उनका तर्क है कि इतिहास के ये बेशकीमती और वैज्ञानिक महत्व के नमूने अमीर लोगों के ड्राइंग रूम की शोभा बन रहे हैं, जिससे रिसर्च का काम प्रभावित होता है।

​सोथबीज में साइंस और नेचुरल हिस्ट्री की हेड, कैसंड्रा हैटन ने बताया, “अमेरिका दुनिया का एकमात्र ऐसा देश है जहां निजी जमीन से मिले जीवाश्मों को निजी संपत्ति माना जाता है और जमीन के मालिक को उसे बेचने का पूरा अधिकार है। यही वजह है कि डायनासोर के कंकालों की खरीदारी के लिए यह दुनिया का सबसे बड़ा केंद्र बन चुका है।”

​पुराना रिकॉर्ड टूटा:

‘गस’ की इस नीलामी ने साल 2024 का पुराना रिकॉर्ड तोड़ दिया है। इससे पहले ‘एपेक्स’ नाम का एक स्टेगोसॉरस कंकाल 44.6 मिलियन डॉलर में बिका था, जिसे प्रसिद्ध हेज फंड अरबपति केन ग्रिफिन ने खरीदा था।

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