पश्चिम बंगाल में आज से लागू हुआ ‘गुंडा दमन कानून’: बिना मुकदमे 1 साल की हिरासत और बुलडोजर एक्शन को मिली हरी झंडी
पश्चिम बंगाल में आज से लागू हुआ ‘गुंडा दमन कानून’: बिना मुकदमे 1 साल की हिरासत और बुलडोजर एक्शन को मिली हरी झंडी
कोलकाता:
पश्चिम बंगाल में कानून-व्यवस्था को मजबूत करने और गुंडागर्दी पर नकेल कसने के लिए आज से एक बेहद सख्त और ऐतिहासिक कानून लागू होने जा रहा है। हाल ही में संपन्न हुए विधानसभा चुनाव में प्रचंड जीत दर्ज कर पहली बार सत्ता में आई भारतीय जनता पार्टी (BJP) सरकार का यह सबसे बड़ा और अहम फैसला माना जा रहा है। कागजों में इस कानून का नाम ‘पश्चिम बंगाल सार्वजनिक सुरक्षा एवं असामाजिक गतिविधियों पर नियंत्रण विधेयक, 2026’ है, लेकिन आम बोलचाल में इसे ‘एंटी क्राइम लॉ’ या ‘गुंडा दमन कानून’ कहा जा रहा है।
इस कानून के लागू होने से पुलिस और प्रशासन को अपराधियों के खिलाफ असीमित शक्तियां मिल गई हैं। कानून के मुख्य प्रावधान निम्नलिखित हैं:
1. बिना मुकदमे के 1 साल तक जेल
इस कानून की सबसे बड़ी ताकत यह है कि अब पुलिस किसी भी संदिग्ध या असामाजिक तत्व को बिना चार्जशीट दाखिल किए या बिना मुकदमा चलाए पूरे 1 साल (12 महीने) तक हिरासत में रख सकती है। इसके अलावा, संभावित दंगों या बड़े अपराधों को रोकने के लिए पुलिस को घटना घटने से पहले ही (Preemptive Detainment) संदिग्धों को हिरासत में लेने का अधिकार दिया गया है।
2. अवैध संपत्तियों पर चलेगा बुलडोजर
उत्तर प्रदेश और अन्य राज्यों की तर्ज पर अब पश्चिम बंगाल में भी अपराधियों पर ‘बुलडोजर एक्शन’ का रास्ता साफ हो गया है। कानून के तहत:
अपराध के जरिए कमाई गई अवैध संपत्ति को तुरंत जब्त किया जाएगा।
दंगों या विरोध प्रदर्शनों के दौरान यदि किसी सरकारी या निजी संपत्ति को नुकसान पहुंचाया जाता है, तो उसकी भरपाई दोषियों की संपत्ति कुर्क करके या उसे तोड़कर की जाएगी।
3. अपराधियों को जिलाबदर करने का अधिकार
नए नियमों के अनुसार, पुलिस के पास अब आदतन अपराधियों, असामाजिक तत्वों और नामी गुंडों को चिन्हित क्षेत्रों या पूरे जिले से बाहर निकालने (जिलाबदर करने) का कानूनी अधिकार होगा, ताकि वे स्थानीय स्तर पर कानून-व्यवस्था को प्रभावित न कर सकें।
विधानसभा से मिली थी मंजूरी:
इस कड़े कानून को बीते 29 जून को पश्चिम बंगाल विधानसभा के एक दिवसीय विशेष सत्र के दौरान भारी चर्चा के बाद पारित किया गया था, जिसे आज से पूरे राज्य में प्रभावी कर दिया गया है।
”जनता का लूटा पैसा सरकारी खजाने में आएगा”
इस कानून का पुरजोर समर्थन करते हुए भाजपा सांसद राजू बिस्ता ने कहा कि बंगाल में पिछली सरकारों के दौरान बड़े पैमाने पर गुंडागर्दी और अराजकता होती थी, जो भाजपा सरकार के आने के बाद पूरी तरह बंद हो गई है। उन्होंने साफ तौर पर चेतावनी दी कि जिन लोगों ने जनता का पैसा लूटा है और अवैध संपत्तियां खड़ी की हैं, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। वह लूटा हुआ पैसा अब सरकार के खजाने में वापस लाया जाएगा, जिसका इस्तेमाल सीधे तौर पर जनता के कल्याण और विकास कार्यों के लिए किया जाएगा।
