कर्नाटक में नई सरकार का गठन: डीके शिवकुमार बने मुख्यमंत्री, 13 मंत्रियों ने ली शपथ
कर्नाटक में नई सरकार का गठन: डीके शिवकुमार बने मुख्यमंत्री, 13 मंत्रियों ने ली शपथ
बेंगलुरु: कर्नाटक की सियासत में एक नए अध्याय की शुरुआत हो गई है। कांग्रेस के कद्दावर नेता और ‘संकटमोचक’ माने जाने वाले डीके शिवकुमार ने कर्नाटक के 18वें मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ले ली है। बेंगलुरु के लोक भवन स्थित ग्लास हाउस में आयोजित भव्य समारोह में राज्यपाल थावरचंद गहलोत ने उन्हें पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई। इस मौके पर कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और राहुल गांधी समेत कई दिग्गज नेता मौजूद रहे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट साझा कर डीके शिवकुमार को मुख्यमंत्री बनने पर बधाई दी और केंद्र की तरफ से सहयोग का भरोसा दिया।
शपथ लेने वाले मंत्रियों की सूची और उनके बारे में मुख्य बातें
1. डी.के. शिवकुमार (मुख्यमंत्री)
वोक्कालिगा समुदाय के बड़े नेता और 2020 से कर्नाटक कांग्रेस के अध्यक्ष।
1989 से अब तक एक भी चुनाव नहीं हारे; वर्तमान में कनकपुर सीट से विधायक हैं।
2. जी. परमेश्वर (उपमुख्यमंत्री)
कर्नाटक के सबसे प्रभावशाली दलित नेता और राज्य के पहले दलित डिप्टी CM (2018)।
2010 से 2018 तक कर्नाटक कांग्रेस के अध्यक्ष और पूर्व गृह मंत्री रहे।
3. के.एच. मुनियप्पा
सीनियर दलित नेता, जो 1991 से 2019 तक 7 बार सांसद रह चुके हैं।
केंद्र सरकार में रेल राज्य मंत्री और राज्य में खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री रहे।
4. के.जे. जॉर्ज
बेंगलुरु की सर्वगन्या सीट से विधायक और कांग्रेस के सबसे अनुभवी चेहरों में शामिल।
राज्य के गृह मंत्री और ऊर्जा मंत्री के रूप में काम करने का लंबा अनुभव।
5. एम.बी. पाटिल
कांग्रेस का बड़ा लिंगायत चेहरा; बाबलेश्वर सीट से लगातार चार बार के विधायक।
सिद्धारमैया सरकार में भारी उद्योग और जल संसाधन मंत्री रह चुके हैं।
6. रामलिंगा रेड्डी
बेंगलुरु शहर के बड़े नेता और बीटीएम लेआउट सीट से मौजूदा विधायक।
पूर्व में कर्नाटक के गृहमंत्री, परिवहन मंत्री और हिंदू धर्मदान विभाग संभाल चुके हैं।
7. सतीश जारकीहोली
सिद्धारमैया के बाद ‘अहिंदा’ राजनीति का दूसरा सबसे बड़ा चेहरा और प्रभावशाली दलित नेता।
2008 से बेलगावी जिले के यमकनमर्डी क्षेत्र से लगातार चुनाव जीत रहे हैं।
8. कृष्णा बायरे गौड़ा
बेदाग छवि वाले नेता, जो 2008 से लगातार विधानसभा चुनाव जीतते आ रहे हैं।
पूर्व में कर्नाटक के कृषि मंत्री और रेवेन्यू मिनिस्टर रह चुके हैं।
9. प्रियांक खरगे
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के बेटे और कर्नाटक कांग्रेस के बड़े युवा दलित चेहरे।
कलबुर्गी के चित्तापुर से 3 बार के विधायक; आईटी, पर्यटन और ग्रामीण विकास मंत्री रहे।
10. यू.टी. खादर
कर्नाटक कांग्रेस के बड़े मुस्लिम नेता और कर्नाटक विधानसभा के पूर्व स्पीकर।
2007 से लगातार मंगलुरु सीट से चुनाव जीत रहे हैं; पूर्व चिकित्सा और खाद्य मंत्री।
11. ईश्वर खंड्रे
हैदराबाद कर्नाटक क्षेत्र के प्रभावशाली लिंगायत नेता और अखिल भारतीय वीर शैव लिंगायत महासभा के अध्यक्ष।
2008 से भालकी सीट से विधायक; ग्रामीण विकास और वन मंत्री रह चुके हैं।
12. यतींद्र सिद्धरमैया
पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धारमैया के बेटे, पेशे से डॉक्टर और वर्तमान में विधान परिषद (MLC) के सदस्य।
इससे पहले वरुणा विधानसभा सीट से विधायक रह चुके हैं।
13. बिरथी सुरेश
कुरुबा समुदाय के बड़े नेता और सिद्धारमैया के बेहद करीबी माने जाते हैं।
हेब्बाल सीट से विधायक; कर्नाटक के नगर विकास और राजस्व मंत्री के रूप में काम किया।
14. शरण प्रकाश पाटिल
सेडम सीट से विधायक और क्षेत्र के बड़े लिंगायत नेता।
सिद्धारमैया सरकार में चिकित्सा शिक्षा और कौशल विकास मंत्री की जिम्मेदारी संभाल चुके हैं।
